Haryana School Update: अब पहेलियों से 'मैथ्स' सीखेंगे छात्र, स्कूलों में बनेंगे पजल कॉर्नर
हरियाणा के सरकारी स्कूलों में गणित बनेगा आसान! हर शनिवार आयोजित होंगी गणितीय पहेलियां और प्रतियोगिताएं। कक्षा 1 से 12वीं तक के छात्रों के लिए 'पजल कॉर्नर' की शुरुआत।
भिवानी। सरकारी स्कूलों में गणित को सरल और रोचक बनाने के लिए अब पहेलियों का सहारा लिया जाएगा। शिक्षा विभाग के निर्देश पर प्रत्येक शनिवार को गणितीय गतिविधियां आयोजित की जाएंगी जिससे विद्यार्थियों में विषय के प्रति रुचि और आत्मविश्वास बढ़ेगा। शिक्षा विभाग के अनुसार कक्षा एक से 12वीं तक के विद्यार्थियों के लिए स्कूलों में पजल कॉर्नर बनाए जाएंगे जहां वे मनोरंजक तरीके से गणित के सवाल हल करेंगे।
जिला शिक्षा अधिकारी डॉ. निर्मल दहिया ने बताया कि इससे बच्चों का आत्मविश्वास बढ़ेगा और गणित के प्रति रुचि विकसित होगी। निर्देशानुसार प्रत्येक शनिवार को राजकीय स्कूलों में गणितीय पहेलियां प्रदर्शित की जाएंगी जिन्हें विद्यार्थी स्वयं हल करेंगे। विभागीय अधिकारियों का कहना है कि खेल-खेल में सीखने से बच्चे कठिन विषयों को भी आसानी से समझ पाते हैं। इस पहल का उद्देश्य विद्यार्थियों में तार्किक सोच और समस्या समाधान क्षमता का विकास करना है।
शिक्षक पूरी प्रक्रिया पर नजर रखेंगे और यह सुनिश्चित करेंगे कि सभी विद्यार्थी इसमें भाग लें। इन गतिविधियों से विद्यार्थियों के मन से गणित का डर दूर होगा और वे विषय को समझने के साथ उसमें रुचि भी लेने लगेंगे। इससे उनकी तार्किक क्षमता विकसित होगी और वे जीवन की समस्याओं से बेहतर तरीके से निपट सकेंगे।
सभी स्कूल प्रमुखों को प्रत्येक शनिवार यह गतिविधि अनिवार्य रूप से आयोजित कराने के निर्देश दिए गए हैं। इस पद्धति से विद्यार्थी गणित को बोझ के बजाय आनंद के साथ सीखेंगे जिससे पैटर्न, समरूपता और समस्या समाधान के कौशल विकसित होंगे। विभाग ने जिला शिक्षा अधिकारियों और मौलिक शिक्षा अधिकारियों को इसके प्रभावी क्रियान्वयन के निर्देश दिए हैं। निरीक्षण के दौरान एबीआरसी की भूमिका भी महत्वपूर्ण रहेगी और लापरवाही पाए जाने पर उनकी जवाबदेही तय की जाएगी।
प्रतियोगिताओं से विद्यार्थियों में बढ़ेगी रुचि और रचनात्मकता
पजल कॉर्नर के अंतर्गत स्कूलों में विभिन्न प्रतियोगिताएं भी आयोजित की जाएंगी। इनमें गणितीय मेहंदी और रंगोली, क्विज, प्रदर्शनी, स्वयं गणितीय आकृतियां बनाना, सुडोकू, गणित तंबोला, गणितज्ञों की जीवनी पर आधारित नाटक व फिल्म, गणित पर कविताएं, कश्मीरी अमृत पजल, पेंटिंग और ड्राइंग प्रतियोगिता शामिल होंगी। इन गतिविधियों के माध्यम से विद्यार्थियों को सीखने का नया और रोचक अनुभव मिलेगा जिससे गणित विषय उनके लिए बोझ नहीं बल्कि एक दिलचस्प चुनौती बन जाएगा।
विभाग का उद्देश्य विद्यार्थियों में तार्किक सोच और समस्या समाधान क्षमता का विकास करना है जिसके तहत प्रत्येक स्कूल में पजल कॉर्नर के माध्यम से गतिविधियों का आयोजन कराया जाएगा। इससे बच्चों में गणित के प्रति रुझान बढ़ेगा। गतिविधियां करवाने के लिए सभी प्राचार्यों को आदेश दिए गए हैं।