NIOS 6 Months Bridge Course: सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर बीएड शिक्षकों के लिए शुरू होगा विशेष ब्रिज कोर्स, ऐसे करें आवेदन
सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद राष्ट्रीय मुक्त विद्यालयी शिक्षा संस्थान (NIOS) देशभर के शिक्षकों के लिए 6 महीने विशेष ब्रिज कोर्स शुरू करने जा रहा है. इस 6 महीने के ब्रिज कोर्स में शिक्षकों के लिए क्या-क्या होगा, इसकी जानकारी NIOS ने साझा की है. NIOS ने बताया कि 6 महीने के ब्रिज कोर्स में शिक्षकों के लिए प्रैक्टिकल ट्रेनिंग होगी. इसके साथ ही प्रैक्टिस टीचिंग, रिफ्लेक्टिव जर्नल और पोर्टफोलियो शामिल होंगे. तो वहीं वीडियो ट्यूटोरियल और ई-लर्निंग सामग्री के जरिए भी शिक्षकों को पढ़ाई कराई जाएगी.
आइए, पूरा मामला विस्तार से जानते हैं. जानते हैं क्यों और किन शिक्षकों को NIOS का 6 महीने का ब्रिज कोर्स करना है. ब्रिज कोर्स के लिए कैसे आवेदन कर सकते हैं. नौकरी के साथ कैसे ब्रिज कोर्स किया जा सकेगा. जानेंगे कि NIOS ने ब्रिज कोर्स में क्या है, इसको लेकर क्या-क्या जानकारी दी गई है.
देशभर के इन शिक्षकों को करना है ब्रिज कोर्स?
यह ब्रिज कोर्स उन बीएड योग्य सहायक टीचर्स को अनिवार्य रूप से करना है, जिनकी नियुक्ति प्राथमिक स्कूलों में 28 जून 2018 के बाद और 11 अगस्त 2023 से पहले हुई है. असल में बीते सालाें में बीएड डिग्री कैंडिडेट्स को प्राथमिक स्कूलों में प्राइमरी शिक्षक यानी अस्टिटेंट टीचर्स के तौर पर नियुक्ति दी गई थी. इस संबंध में 2023 में सुप्रीम कोर्ट ने एक अहम फैसला सुनाया था, जिसके तहत प्राथमिक स्कूलों में असिस्टेंट टीचर बनने के लिए बीटीसी समेत डीएलएड की पात्रता निर्धारित की गई थी. ऐसे में जिन शिक्षकों की नियुक्ति बीएड डिग्री के साथ ही प्राइमरी स्कूलों में हुई है, उन्हें अनिवार्य रूप से ब्रिज कोर्स करना है.
ऑनलाइन होगा एडमिशन, नौकरी के साथ कर सकेंगे कोर्स
NIOS ने जानकारी साझा करते हुए बताय है कि 6 महीने का ब्रिज कोर्स ऑनलाइन संचालित होगा. शिक्षक अपनी नौकरी जारी रखने के साथ ही पढ़ाई कर सकते हैं. एडमिशन भी ऑनलाइन होगा.एडमिशन NIOS के आधिकारिक ब्रिज कोर्स पोर्टल bridge.nios.ac.in के जरिए होगा.पात्र शिक्षक ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कर जरूरी दस्तावेज अपलोड कर सकेंगे.डैशबोर्ड पर एडमिशन का स्टेटस भी देखा जा सकेगा.
डिजिटल फॉर्म में मिलेगा स्टडी मटेरियल
NIOS ने बताया है कि 6 महीने के ब्रिज कोर्सकी सभी पढ़ाई की सामग्री डिजिटल फॉर्म में उपलब्ध कराई जाएगी. टीचरों को अतिरिक्त ऑडियो, वीडियो और इंटरैक्टिव कंटेंट भी ऑनलाइन मिलेगा.इससे टीचरों को कोर्स की पढ़ाई में सक्रिय रूप से जुड़ने में मदद मिलेगी.