Bhiwani News: भिवानी के लिए 125 करोड़ का विकास बजट पास; महापुरुषों के नाम पर बनेंगे 15 शहर द्वार, 2 महीने में वैध होंगी सभी कॉलोनियां
भिवानी नगर परिषद की बैठक में वित्त वर्ष 2026-27 के लिए 125 करोड़ रुपये का बजट मंजूर किया गया। शहर के 15 ऐतिहासिक दरवाजों का महापुरुषों के नाम पर पुनरुद्धार होगा और सभी अवैध कॉलोनियां 2 माह में वैध की जाएंगी। जानें पूरी विकास योजना।
भिवानी। नगर परिषद हाउस की सोमवार को हुई बैठक में शहर के विकास का मुद्दा प्रमुख रूप से उठाया गया। हाल ही में अधिकृत कॉलोनियों में अप्रैल तक विकास कार्य शुरू करने का निर्णय लिया गया। चेयरपर्सन प्रतिनिधि भवानी प्रताप की अध्यक्षता में हुई बैठक में नगर परिषद द्वारा 125 करोड़ रुपये के विकास कार्यों के बजट को अनुमोदित किया गया।
नगर परिषद चेयरपर्सन प्रीति भवानी प्रताप ने बताया कि बैठक में शहर के सभी 15 दरवाजों का निर्माण करवाने का मसौदा तैयार किया है। पहले की तरह दरवाजों का नाम शहर के नाम पर नहीं होगा अब बनने वाले सभी दरवाजे महापुरुषों के नाम से जाने जाएंगे। शहर की सुंदरता व स्वच्छता को पंख लगाए जाने के मकसद से पड़ोसी जिलों को जोड़ने वाले चार प्रवेश मार्गों पर स्वागत द्वार बनाए जाने का प्रस्ताव रखा गया। जिस पर सभी पार्षदों ने अपनी सहमति की मोहर लगा दी।
नगर परिषद द्वारा शहर में हुन्नामल की प्याऊ, देवनगर, लोहारू रोड व महम रोड पर प्रवेश द्वार बनाए जाने की योजना है। इन सभी दरवाजों व प्रवेश मार्गों के निर्माण पर करीब 10 करोड़ रुपये की लागत आएगी। जल्द ही योजनाओं पर कार्य शुरू होगा। बैठक में 2025-26 में आय व व्यय का ब्यौरा प्रस्तुत किया गया। 2026-27 में विभिन्न विकास कार्यों पर करीब 124 करोड़ 31 लाख रुपये खर्च का बजट प्रस्तुत किया गया। बैठक में डीएमसी गुलजार मलिक, वाइस चेयरपर्सन रेणू बाला, पार्षद कविता सैनी, शालू अरोड़ा, मनोज खनगवाल, प्रदीप कौशिक, बिल्लू बादशाह, महाबीर सिंह, हर्षदीप डुडेजा, अंकुर कौशिक, ईओ राजाराम, कार्यकारी अभियंता जसंवत, सुरेंद्र सांगवान, विकास देशवाल मौजूद रहे।
प्लेट पर कॉलोनी के नाम व गलियों की संख्या होगी अंकित
अब शहर की कोई भी कॉलोनी व गली बिना नाम व संख्या के नहीं रहेगी। नगर परिषद द्वारा सभी कॉलोनियों व गलियों की संख्या अंकित करवाकर प्लेट लगवाई जाएंगी। इस योजना का खाका बैठक में प्रस्तुत किया गया। जिस पर सभी पार्षदों ने अपनी सहमति की मोहर लगा दी। योजना को अमलीजामा पहनाने से पहले सभी कॉलोनियों का नप में पंजीकरण किया जाएगा और गलियों की संख्या जांची जाएगी। इसके लिए नगरपरिषद के कर्मचारी शहर की सभी कॉलोनियों का सर्वे करवाएंगे और गलियों की गिनती करवाएंगे। शहर में कॉलोनियों के नाम हैं लेकिन कुछेक जगहों को छोड़कर बाकी क्षेत्रों में कॉलोनियों की गलियों की कोई संख्या नहीं है। जिस वजह से अनजान व्यक्ति को कॉलोनियों में किसी निर्धारित जगह को ढूंढना बेहद कठिन हो जाता है।
दो माह में शहर की सभी कॉलोनियां होंगी वैध
पार्षद सुभाष तंवर ने अवैध कॉलोनियों के वैध कराने और उत्तम नगर में बन रहे ऑडिटोरियम का नाम महाराजा नीमपाल सिंह के नाम करने की मांग की। इस पर चेयरपर्सन प्रीति भवानी ने बताया कि दो माह के भीतर सभी अवैध कॉलोनी नियमित हो जाएंगी। इसके लिए बाकी बची सभी कॉलोनियों का मसौदा मुख्यालय भेजा हुआ है। पार्षद संदीप यादव ने सफाई व्यवस्था का सवाल के जवाब में बताया कि सफाई का कार्य जारी है जल्द ही चकाचक शहर नजर आने लगेगा।
नगर परिषद हाउस की बैठक में पार्षदों और अधिकारियों की मौजूदगी में विकास कार्यों पर विस्तृत चर्चा की गई। शहर के सुंदरीकरण में सभी पार्षदों ने एकमत से प्रस्ताव पास किए हैं। बैठक में करीब 125 करोड़ की लागत से शहर में विकास कार्य कराए जाने का प्रस्ताव पास किया है। इन कार्यों को जल्द से जल्द शुरू कराया जाएगा।