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सुखना झील में अलर्ट मोड पर प्रशासन, बारिश के बीच निचले इलाकों को जलभराव से बचाने की तैयारी

चंडीगढ़ में भारी बारिश के पूर्वानुमान को देखते हुए सुखना झील के फ्लड गेट्स पर निगरानी बढ़ा दी गई है। जानिए जलस्तर को लेकर क्या है इंजीनियरिंग विभाग की तैयारी।

 

चंडीगढ़: चंडीगढ़ और आसपास के क्षेत्रों में अगले कुछ दिनों तक अच्छी बारिश की संभावना को देखते हुए प्रशासन ने सुखना झील के फ्लड गेट पर निगरानी बढ़ा दी है. झील के जलस्तर का लगातार आकलन किया जा रहा है, ताकि पानी तय सीमा तक पहुंचने पर समय रहते फ्लड गेट खोलकर अतिरिक्त पानी की निकासी की जा सके. प्रशासन का उद्देश्य निचले इलाकों में जलभराव और संभावित नुकसान की स्थिति से बचाव करना है.

फिलहाल जलस्तर सामान्य: अधिकारियों के अनुसार फिलहाल सुखना झील के फ्लड गेट के पास जलस्तर सामान्य बना हुआ है और तत्काल गेट खोलने की आवश्यकता नहीं है. हालांकि मौसम विभाग की ओर से अगले कुछ दिनों तक बारिश जारी रहने के पूर्वानुमान के मद्देनजर हालात पर लगातार नजर रखी जा रही है.

जलस्तर बढ़ा तो होगा फैसला: चंडीगढ़ इंजीनियरिंग विभाग के अधिकारी सीबी ओझा ने कहा कि, "झील में आने वाले पानी की मात्रा का लगातार आकलन किया जा रहा है. यदि लगातार बारिश के कारण जलस्तर तेजी से बढ़ता है तो तय मानकों के अनुसार फ्लड गेट खोलने का निर्णय लिया जाएगा. इंजीनियरिंग और सिंचाई विभाग की टीमें भी पूरे घटनाक्रम पर लगातार निगरानी बनाए हुए हैं."

लोगों से सतर्क रहने की अपील: प्रशासन ने बताया कि मानसून के दौरान सुखना झील के जलस्तर की नियमित मॉनिटरिंग की जाती है ताकि किसी भी संभावित स्थिति से समय रहते निपटा जा सके. अधिकारियों ने नागरिकों से अपील की है कि भारी बारिश के दौरान झील और उसके आसपास के क्षेत्रों में अनावश्यक रूप से न जाएं तथा प्रशासन की ओर से जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें.