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हिसार में सेक्स रैकेट का भंडाफोड़: 2 होटलों से 18 महिलाएं हिरासत में

हिसार पुलिस ने होटल बलिश और ए टू ज़ेड होटल में छापेमारी कर देह व्यापार का भंडाफोड़ किया। 18 महिलाओं को रेस्क्यू किया गया और संचालकों पर मुकदमा दर्ज।

 

हिसार: हरियाणा की हिसार पुलिस ने सेक्स रैकेट का भंडाफोड़ कर 18 महिलाओं को हिरासत में लिया है. होटल बलिश और ए टू ज़ेड होटल में छापेमारी कर पुलिस ने इस कार्रवाई को अंजाम दिया.

हिसार में सेक्ट रैकेट का भंडाफोड़: पुलिस प्रवक्ता मदनलाल ने बताया कि "डीएसपी वुमेन सेफ्टी प्रिया शर्मा के नेतृत्व में पुलिस टीम ने दोनों होटलों में योजनाबद्ध तरीके से दबिश दी. कार्रवाई के दौरान होटल के कमरों में लड़के एवं लड़कियां आपत्तिजनक परिस्थितियों में पाए गए. सभी संबंधित व्यक्तियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई तथा मामले में नियमानुसार कानूनी कार्रवाई अमल में लाई गई. जांच के दौरान होटल संचालकों की भूमिका सामने आने पर उनके विरुद्ध भी संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है."

दूसरे राज्यों से लाई जाती है महिलाएं: जांच में पता चला है कि दोनों होटलों में देह व्यापार के लिए महिलाओं को यूपी, पंजाब, दिल्ली, उत्तराखंड व अन्य राज्यों से लाया जाता है. कार्रवाई के दौरान 18 महिलाओं का रेस्क्यू किया गया है. मौके पर ही होटल A TO Z के मालिक व होटल बलिश के मैनेजर को पुलिस टीम द्वारा काबू किया गया है.

होटल संचालकों के खिलाफ मामला दर्ज: पुलिस अधीक्षक हिसार ने कहा कि कानून की आड़ लेकर नहीं, बल्कि कानून के दायरे में रहकर व्यवसाय करना प्रत्येक होटल संचालक की जिम्मेदारी है. यदि कोई होटल, गेस्ट हाउस या लॉज देह व्यापार अथवा किसी भी प्रकार की अनैतिक गतिविधि का अड्डा बनता है, तो उसके संचालक, प्रबंधक एवं इसमें संलिप्त प्रत्येक व्यक्ति के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी. किसी भी दोषी को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा.

जारी रहेगा पुलिस का छापेमारी अभियान: एसपी हिसार ने जिले के सभी होटल, गेस्ट हाउस, रिसॉर्ट एवं लॉज संचालकों को स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा कि वे अपने यहां ठहरने वाले प्रत्येक व्यक्ति का विधिवत पहचान पत्र प्राप्त करें, पूरा रिकॉर्ड संधारित करें तथा किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें. यदि किसी प्रतिष्ठान में अनैतिक गतिविधियां संचालित होती पाई गईं तो संबंधित संचालक यह तर्क नहीं दे सकेंगे कि उन्हें इसकी जानकारी नहीं थी. ऐसे मामलों में साक्ष्यों के आधार पर कठोर कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी.