Karnal ACB Action: 1.5 लाख की रिश्वत लेते वन दरोगा रंगे हाथ गिरफ्तार, किसान को दे रहा था धमकी
करनाल में एंटी करप्शन ब्यूरो की रेड: डेढ़ लाख रुपये की रिश्वत लेते वन दरोगा चाँदवीर गिरफ्तार। किसान पर 15 लाख का जुर्माना लगाने की धमकी देकर मांगी थी रिश्वत।
Apr 12, 2026, 16:19 IST
करनाल : करनाल की एंटी करप्शन ब्यूरो टीम ने रिश्वत खोर अधिकारी को दबोचा। डेढ़ लाख रुपये की रिश्वत लेते फारेस्ट अधिकारी को करनाल एंटी करप्शन ब्यूरो की टीम ने रंगे हाथ पकड़ा। आरोपी का मेडिकल कराने के लिए एंटी करप्शन ब्यूरो की टीम अस्पताल में लेकर पहुँची।
शिकायतकर्ता किसान अपने खेत में फार्म हाउस बनाना चाहता था, किसान ने रास्ता बनाने के लिए सफाई की थी। फ़ारेस्ट विभाग के अधिकारी द्वारा पेड़ काटने और किसान पर उनकी जमीन पर कब्जा करने का आरोप लगाया था। वहीं किसान पर 15 लाख रुपए जुर्माना लगाने की बात कही थी, बाद में डेड लाख रुपए की रिश्वत की डिमांड की गई थी।
करनाल एंटी करप्शन ब्यूरो के इंचार्ज सुल्तान सिंह ने बताया कि हमें शिकायत मिली थी कि चाँदवीर नाम का वन दरोगा है।कोई किसान अपने खेत में फार्म हाउस बनाने के लिए रास्ता बनाने के लिए रास्ता बना रहा था। उसके लिए उसने सफाई करवा दी थी। उसी दौरान फ़ारेस्ट विभाग के अधिकारी द्वारा पेड़ काटने और किसान पर कब्जा करने का लगाया गया था। अधिकारी द्वारा किसान पर 15 लाख रुपए जुर्माना लगाने की बात कही गई थी। कुछ दिन बाद मामला डेढ़ लाख रुपए में रफा दफा करने की बात कहकर डेढ़ लाख रुपए रिश्वत की डिमांड की गई थी, तभी देर शाम को रिश्वत खोर अधिकारी को एंटी करप्शन ब्यूरो करनाल की टीम द्वारा रंगे हाथों पकड़ा गया।
शिकायतकर्ता किसान अपने खेत में फार्म हाउस बनाना चाहता था, किसान ने रास्ता बनाने के लिए सफाई की थी। फ़ारेस्ट विभाग के अधिकारी द्वारा पेड़ काटने और किसान पर उनकी जमीन पर कब्जा करने का आरोप लगाया था। वहीं किसान पर 15 लाख रुपए जुर्माना लगाने की बात कही थी, बाद में डेड लाख रुपए की रिश्वत की डिमांड की गई थी।
करनाल एंटी करप्शन ब्यूरो के इंचार्ज सुल्तान सिंह ने बताया कि हमें शिकायत मिली थी कि चाँदवीर नाम का वन दरोगा है।कोई किसान अपने खेत में फार्म हाउस बनाने के लिए रास्ता बनाने के लिए रास्ता बना रहा था। उसके लिए उसने सफाई करवा दी थी। उसी दौरान फ़ारेस्ट विभाग के अधिकारी द्वारा पेड़ काटने और किसान पर कब्जा करने का लगाया गया था। अधिकारी द्वारा किसान पर 15 लाख रुपए जुर्माना लगाने की बात कही गई थी। कुछ दिन बाद मामला डेढ़ लाख रुपए में रफा दफा करने की बात कहकर डेढ़ लाख रुपए रिश्वत की डिमांड की गई थी, तभी देर शाम को रिश्वत खोर अधिकारी को एंटी करप्शन ब्यूरो करनाल की टीम द्वारा रंगे हाथों पकड़ा गया।