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Nuh Haryana Update: रोडवेज बस चालक की बहादुरी से बची जच्चा-बच्चा की जान, अल आफिया अस्पताल किया रेफर

नूंह जिले में अलवर से लौट रही गर्भवती महिला ने हरियाणा रोडवेज की चलती बस में बेटे को जन्म दिया। चालक की तत्परता से समय पर अस्पताल पहुंची बस।

 

नूंह। हरियाणा रोडवेज की एक चलती बस शुक्रवार देर शाम उस समय एक अस्थायी प्रसव कक्ष में तब्दील हो गई, जब अलवर से अपने घर लौट रही एक गर्भवती महिला ने अस्पताल पहुंचने से ठीक पहले बस में ही एक स्वस्थ बेटे को जन्म दे दिया। इस आपात स्थिति में बस चालक कासम ने असाधारण सूझबूझ और तत्परता दिखाते हुए सवारियों से भरी बस को महज 20 मिनट के भीतर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC), फिरोजपुर झिरका पहुंचा दिया। इस दौरान बस में सफर कर रही अन्य महिलाओं ने भी प्रसव पीड़ा से जूझ रही महिला को संभालने में पूरा सहयोग किया। स्वास्थ्य केंद्र में प्राथमिक उपचार के बाद जच्चा-बच्चा को बेहतर चिकित्सा के लिए अल आफिया अस्पताल, मांडीखेड़ा रेफर कर दिया गया है, और चालक-परिचालक के मानवीय कार्यों की हर तरफ सराहना हो रही है।

👶 अल्ट्रासाउंड में था 15 दिन का समय शेष: रास्ते में शुरू हुआ तेज दर्द, चालक ने बिना देर किए अस्पताल की ओर मोड़ी बस

प्राप्त जानकारी के अनुसार, फिरोजपुर झिरका के वार्ड नंबर-7 निवासी शोयब खान अपनी गर्भवती पत्नी सुमैय्या को जांच के लिए अलवर के सानिया अस्पताल ले गए थे, जहां डॉक्टरों ने अल्ट्रासाउंड के बाद डिलीवरी में करीब 15 दिन बाकी बताए थे। वापसी के दौरान रामगढ़ और नौगांवा पार करते ही सुमैय्या को अचानक गंभीर प्रसव पीड़ा शुरू हो गई। स्थिति की नजाकत को भांपते हुए पति ने बस स्टाफ को सूचना दी, जिसके बाद चालक कासम ने बिना एक पल गंवाए बस को सीधे फिरोजपुर झिरका सीएचसी की तरफ दौड़ा दिया। अस्पताल पहुंचने से पहले ही बस के भीतर सामान्य प्रसव से बेटे का जन्म हो चुका था।

🏥 मांडीखेड़ा अस्पताल किया गया रेफर: ग्रामीणों ने चालक और परिचालक को सम्मानित करने की उठाई मांग

सीएचसी फिरोजपुर झिरका के एडिशनल एसएमओ डॉ. आदित्य यादव ने बताया कि अस्पताल पहुंचते ही मां और नवजात को तुरंत चिकित्सकीय देखरेख में लिया गया और रात करीब एक बजे उन्हें अल आफिया अस्पताल, मांडीखेड़ा रेफर कर दिया गया। इस अनूठी घटना के बाद माहोली के पूर्व सरपंच प्रत्याशी अरशद एडवोकेट समेत कई गणमान्य लोगों ने रोडवेज बस चालक कासम और परिचालक की मानवता और मुस्तैदी की पुरजोर तारीफ की है, साथ ही रोडवेज विभाग से उन्हें सम्मानित करने और बच्चे की शिक्षा में सहयोग की मांग उठाई है।