वास्तु टिप्स: मुख्य द्वार पर जूते-चप्पल रखने के नुकसान और सही दिशा
क्या आप भी घर के मेन गेट पर जूते-चप्पल उतारते हैं? वास्तु शास्त्र के अनुसार यह आदत ला सकती है कंगाली और तनाव। जानें सही नियम और सकारात्मक ऊर्जा के आसान उपाय।
घर का मुख्य द्वार केवल आने-जाने का रास्ता नहीं माना जाता, बल्कि वास्तु शास्त्र में इसे सकारात्मक ऊर्जा का प्रवेश द्वार भी कहा गया है. ऐसी मान्यता है कि घर में सुख-समृद्धि, शांति और खुशहाली मेनडोर से ही प्रवेश करती है. यही वजह है कि वास्तु में मेन गेट को हमेशा साफ-सुथरा और सही से रखने की सलाह दी जाती है. लेकिन अक्सर लोग सुविधा के लिए घर के मुख्य दरवाजे के ठीक सामने जूते-चप्पल उतारकर रख देते हैं. वास्तु शास्त्र के अनुसार, यह आदत धीरे-धीरे घर में नकारात्मक ऊर्जा को बढ़ा सकती है. कहा जाता है कि इससे परिवार के सदस्यों के बीच तनाव, आर्थिक परेशानियां और मानसिक अशांति का माहौल बनने लगता है.
मेन गेट के सामने जूते-चप्पल रखना क्यों माना जाता है अशुभ?
वास्तु शास्त्र में मुख्य द्वार को मां लक्ष्मी का प्रवेश स्थान माना गया है. ऐसे में यदि दरवाजे के सामने गंदगी, टूटी-फूटी चीजें या बिखरे हुए जूते-चप्पल पड़े हों, तो इससे सकारात्मक ऊर्जा का प्रवाह रुक जाता है. मान्यता है कि इससे घर में बरकत कम होने लगती है और आर्थिक तंगी का सामना करना पड़ सकता है. इसके अलावा, जूते-चप्पलों को धूल-मिट्टी और बाहरी नकारात्मक ऊर्जा का वाहक भी माना जाता है. जब इन्हें मुख्य द्वार के सामने रखा जाता है, तो यह ऊर्जा घर के वातावरण को प्रभावित कर सकती है.
परिवार में बढ़ सकता है तनाव
वास्तु शास्त्र के अनुसार, घर के प्रवेश द्वार पर फैले जूते-चप्पल परिवार के रिश्तों में भी खटास ला सकते हैं. छोटी-छोटी बातों पर विवाद, घर में चिड़चिड़ापन और मानसिक तनाव बढ़ने लगता है. कई बार बिना किसी बड़ी वजह के घर का माहौल में तनाव महसूस होने लगता है.
आर्थिक समस्याओं का भी बन सकता है कारण
ऐसी मान्यता है कि मेन गेट के सामने जूते-चप्पल रखने से मां लक्ष्मी नाराज हो सकती हैं. इससे धन आगमन में रुकावट आने लगती है. कमाई होने के बावजूद पैसे टिक नहीं पाते और खर्च अचानक बढ़ने लगते हैं. तो इसे घर में दरिद्रता बढ़ने का एक कारण माना जाता है.
वास्तु के अनुसार क्या करें?
वास्तु शास्त्र के अनुसार, जूते-चप्पलों को कभी भी घर के मेनडोर के ठीक सामने नहीं रखना चाहिए. इसके लिए घर के किसी कोने में बंद शू-रैक का इस्तेमाल करना बेहतर माना जाता है. लेकिन ध्यान रखें कि शू-रैक में भी जूते-चप्पल को सही से रखा जाए और समय-समय पर उसकी सफाई होती रहे. वहीं मेनडोर को हमेशा साफ रखें और वहां कोई शुभ चिन्ह या सुंदर तोरण लगाने से सकारात्मक ऊर्जा लगाएं इससे घर में खुशहाली बनी रहती है.