भिवानी: 220 KV टावर लाइन के मुआवजे पर भड़के 9 गांवों के किसान, शुरू किया धरना
भिवानी में हरियाणा विद्युत प्रसारण निगम की भेदभाव नीति के खिलाफ 9 गांवों के किसानों का प्रदर्शन। टिटानी में अनिश्चितकालीन धरना शुरू।
Jun 5, 2026, 16:09 IST
भिवानी 5 जून , 2026 टिटानी , हेतमपुरा से लेकर ईशर वाल तक किसानों को ढ़ाणा नरसान से ईशरवाल तक खड़ी की गई 220 के वी टावर लाईन का मुआवजा नहीं मिलने से प्रभावित किसानों में असन्तोष और गुस्सा पैदा हो गया । गौरतलब है कि यह बिजली टावर लाईन हरियाणा विद्युत प्रसारण निगम ने खड़ी की है और विभाग ने पावर हाउस से लगते कुछ गांव को तो विरोध करने पर मुआवजा दे दिया परन्तु कुसुम्भी से ईशरवाल तक किसी भी गांव को मुआवजा नहीं दिया । इसलिए 9 गांव के किसानों ने अखिल भारतीय किसान सभा भिवानी व युवा कल्याण संगठन के नेतृत्व में हरियाणा विद्युत प्रसारण निगम की भेदभाव नीति के विरोध में जिला उपायुक्त कार्यालय के सामने प्रदर्शन किया तथा जिला उपायुक्त को ज्ञापन दिया । जिला उपायुक्त की तरफ से किसानों का ज्ञापन लेने एसडीएम भिवानी महेश कुमार पहुंचे थे ।
प्रदर्शन को सम्बोधित करते हुए किसान सभा के जिला प्रधान रामफल देशवाल , उप प्रधान कामरेड ओम प्रकाश व युवा कल्याण संगठन के संरक्षक कमल सिंह प्रधान ने कहा कि हरियाणा विद्युत वितरण निगम के अधिकारियों ने किसानों के बीच टावरों के एवज में न्यायोचित मुआवजा वितरण में भेदभाव नहीं करना चाहिए , उन्हें समान रूप से सभी प्रभावित किसानों को मुआवजा वितरण नीति का पालन करना चाहिए था , उन्होंने कहा कि जिन गांव के लोगों ने बगैर उचित मुआवजा दिए टावर खड़े करने का विरोध किया था तथा धरना दिया था , उन गांवों को मुआवजा दे दिया , परन्तु जिन गांवों ने मुआवजे के आश्वासन के बाद टावर खड़े करने का विरोध नहीं किया , उन गांवों के किसानों निगम ने आज तक मुआवजा नहीं दिया और अब निगम के अधिकारियों ने साफ कह दिया कि अब इस मामले में कोई मुआवजा नहीं दिया जाएगा । उनके इस आचरण से प्रभावित किसान क्रोधित हो गये और उन्होंने टिटानी में सैंटर बनाकर निगम के भेदभाव पूर्ण रवैये के विरोध में अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया है । धरने का नेतृत्व करने वाले किसान नेता अरविंद टिटानी ने कहा कि उनकी खेतीहर जमीन में टावर खड़ा करने से उनकी जमीन की कीमत आधी हो गई है , वे टावर और तारों की कोरिडोर में कोई निर्माण कार्य या बागवानी नहीं कर सकते तथा उन्हें न्यायोचित मुआवजे से भी वंचित किया जा रहा है । सरकार व विद्युत निगम के विरुद्ध संघर्ष करने के अलावा उनके पास कोई विकल्प नहीं बचा है , तारों से उनकी जान को हमेशा खतरा बना रहता है , कोई भी किसी समय दुर्घटना घट सकती है , परन्तु निगम व सरकार इसकी कोई जिम्मेवारी तेने को तैयार नहीं है । किसानों को उनके हालात पर छोड़ दिया है । उन्होंने प्रशासन को आगाह किया है कि यदि उनको उनका वाजिब मुआवजा नहीं मिला तो वे आर पार की लड़ाई लड़ने पर मजबूर होंगे । आज के प्रदर्शन में बलबीर सिंह बजाड़ , सन्तोष देशवाल , प्रताप सिंह सिंहमार , सरपंच अजय सिराधना केहरपुरा , अरविंद बेनीवाल , घासीराम गुर्जर , श्री भगवान केहरपुरा , अनिल शेषमा , मुकेश शर्मा , सत्येन्द्र टिटानी , राजकुमार , मनीष धतरवाल , कृष्ण , दलबीर , नरेंद्र व सुरेन्द्र ईशरवाल , रमेश बनवारी व राजकुमार शामिल थे ।
प्रदर्शन को सम्बोधित करते हुए किसान सभा के जिला प्रधान रामफल देशवाल , उप प्रधान कामरेड ओम प्रकाश व युवा कल्याण संगठन के संरक्षक कमल सिंह प्रधान ने कहा कि हरियाणा विद्युत वितरण निगम के अधिकारियों ने किसानों के बीच टावरों के एवज में न्यायोचित मुआवजा वितरण में भेदभाव नहीं करना चाहिए , उन्हें समान रूप से सभी प्रभावित किसानों को मुआवजा वितरण नीति का पालन करना चाहिए था , उन्होंने कहा कि जिन गांव के लोगों ने बगैर उचित मुआवजा दिए टावर खड़े करने का विरोध किया था तथा धरना दिया था , उन गांवों को मुआवजा दे दिया , परन्तु जिन गांवों ने मुआवजे के आश्वासन के बाद टावर खड़े करने का विरोध नहीं किया , उन गांवों के किसानों निगम ने आज तक मुआवजा नहीं दिया और अब निगम के अधिकारियों ने साफ कह दिया कि अब इस मामले में कोई मुआवजा नहीं दिया जाएगा । उनके इस आचरण से प्रभावित किसान क्रोधित हो गये और उन्होंने टिटानी में सैंटर बनाकर निगम के भेदभाव पूर्ण रवैये के विरोध में अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया है । धरने का नेतृत्व करने वाले किसान नेता अरविंद टिटानी ने कहा कि उनकी खेतीहर जमीन में टावर खड़ा करने से उनकी जमीन की कीमत आधी हो गई है , वे टावर और तारों की कोरिडोर में कोई निर्माण कार्य या बागवानी नहीं कर सकते तथा उन्हें न्यायोचित मुआवजे से भी वंचित किया जा रहा है । सरकार व विद्युत निगम के विरुद्ध संघर्ष करने के अलावा उनके पास कोई विकल्प नहीं बचा है , तारों से उनकी जान को हमेशा खतरा बना रहता है , कोई भी किसी समय दुर्घटना घट सकती है , परन्तु निगम व सरकार इसकी कोई जिम्मेवारी तेने को तैयार नहीं है । किसानों को उनके हालात पर छोड़ दिया है । उन्होंने प्रशासन को आगाह किया है कि यदि उनको उनका वाजिब मुआवजा नहीं मिला तो वे आर पार की लड़ाई लड़ने पर मजबूर होंगे । आज के प्रदर्शन में बलबीर सिंह बजाड़ , सन्तोष देशवाल , प्रताप सिंह सिंहमार , सरपंच अजय सिराधना केहरपुरा , अरविंद बेनीवाल , घासीराम गुर्जर , श्री भगवान केहरपुरा , अनिल शेषमा , मुकेश शर्मा , सत्येन्द्र टिटानी , राजकुमार , मनीष धतरवाल , कृष्ण , दलबीर , नरेंद्र व सुरेन्द्र ईशरवाल , रमेश बनवारी व राजकुमार शामिल थे ।