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- भिवानी:हनी ट्रैप में फंसाकर 25 लाख की रंगदारी मांगने वाले सात आरोपी दोषी करार
 

- भिवानी कोर्ट ने सुनाई कड़ी सजा, मारपीट व सोने की अंगूठी छीनने के मामले में विभिन्न धाराओं के तहत 10 वर्ष कैद और जुर्माना
 
 

भिवानी: 
वृद्ध व्यक्ति को हनी ट्रैप में फंसाकर 25 लाख रुपये की रंगदारी मांगने, मारपीट करने तथा सोने की अंगूठी छीनने के मामले में माननीय न्यायालय ने सात आरोपियों को दोषी ठहराते हुए विभिन्न धाराओं के तहत सजा सुनाई है। यह फैसला माननीय डी.आर. चालिया, जिला एवं सत्र न्यायाधीश भिवानी की अदालत द्वारा सुनाया गया।

मामले में 61 वर्षीय व्यक्ति ने थाना लोहारू में शिकायत दर्ज करवाई थी। शिकायतकर्ता के अनुसार उसका अपने रिश्तेदारों के साथ जमीन को लेकर विवाद चल रहा था। इसी दौरान एक महिला ने मोबाइल पर संपर्क कर उसे बार-बार लोहारू बुलाया। महिला के कहने पर शिकायतकर्ता 19 जून 2022 को लोहारू पहुंचा, लेकिन महिला ने अगले दिन आने को कहा।

20 जून 2022 को शिकायतकर्ता दोबारा लोहारू पहुंचा, जहां महिला उसे एक मकान में ले गई। वहां पहले से मौजूद दो युवकों ने उसके कपड़े उतरवाकर महिला के साथ आपत्तिजनक वीडियो बना ली। आरोपियों ने शिकायतकर्ता के साथ मारपीट की और उसकी सोने की अंगूठी भी छीन ली।

इसी दौरान शिकायतकर्ता का रिश्तेदार सतेंद्र भी मौके पर पहुंच गया। आरोपियों ने पीड़ित को धमकी दी कि या तो जमीन उनके नाम कर दो या फिर 25 लाख रुपये दो, अन्यथा वीडियो वायरल कर जान से मार दिया जाएगा।

शिकायत मिलने पर थाना लोहारू पुलिस ने संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की। मामले की जांच उप निरीक्षक रोहतास द्वारा की गई। पुलिस ने एक महिला सहित सात आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया।

ट्रायल के दौरान पुलिस ने मजबूत साक्ष्य और गवाह पेश किए। सरकारी पक्ष की ओर से एडीए साहिल हुड्डा ने प्रभावी पैरवी की, जिसके आधार पर न्यायालय ने सभी आरोपियों को दोषी करार देते हुए सजा सुनाई।

न्यायालय ने आरोपी मीना उर्फ मीनू, सतेंद्र उर्फ बबलू, रामबीर, सुरेंद्र उर्फ नीटू, विजय उर्फ बिल्लू, अजय उर्फ नीटू तथा बिंटू उर्फ मिंटू को विभिन्न धाराओं के तहत दोषी ठहराया।

अदालत ने धारा 384 व 34 के तहत तीन वर्ष कैद और पांच-पांच हजार रुपये जुर्माना, धारा 120-बी के तहत तीन वर्ष कैद और पांच हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। वहीं कुछ आरोपियों को धारा 379-बी के तहत 10 वर्ष कैद और 25 हजार रुपये जुर्माने की सजा दी गई। अन्य धाराओं में भी अलग-अलग अवधि की कैद और जुर्माने से दंडित किया गया। जुर्माना अदा न करने पर अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।

पुलिस अधीक्षक भिवानी ने कहा कि जिले में हनी ट्रैप और जबरन वसूली जैसे मामलों में शामिल आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी तथा पीड़ितों को समय पर न्याय दिलाने के लिए मजबूत साक्ष्य अदालत में प्रस्तुत किए जाएंगे।