Bhiwani NSUI Campaign: भिवानी में गूंजी मांग, 2030 राष्ट्रमंडल खेलों का मेजबान बने हरियाणा; वैश्य कॉलेज से मुहीम शुरू
भिवानी में एनएसयूआई का हस्ताक्षर अभियान शुरू : हरियाणा को 2030 कॉमनवेल्थ गेम्स की मेजबानी मिलने की उठी पुरजोर मांग
हरियाणा के खिलाडिय़ों ने अपनी मेहनत और पसीने से पूरी दुनिया में देश का तिरंगा ऊंचा किया : अक्षित घणघस
भिवानी, 12 अगस्त : खेलों की धरती हरियाणा को वर्ष 2030 के कॉमनवेल्थ गेम्स की मेजबानी सौंपे जाने की मांग को लेकर एनएसयूआई भिवानी टीम द्वारा बुधवार को स्थानीय वैश्य कॉलेज में हस्ताक्षर अभियान की शुरुआत की गई है। अभियान का नेतृत्व एनएसयूआई जिला अध्यक्ष अक्षित घणघस ने किया। इस अभियान के माध्यम से छात्रों और युवाओं ने हरियाणा को इन खेलों का मेजबान या सह-मेजबान बनाने की पुरजोर मांग उठाई है। अभियान की शुरुआत करते हुए एनएसयूआई जिला अध्यक्ष अक्षित घणघस, पूर्व प्रदेश महासचिव विकास परमार, पूर्व प्रदेश सचिव दीपक देशवाल ने कहा कि हरियाणा देश का वह ऊर्जावान राज्य है, जो राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में देश के लिए सबसे अधिक पदक जीतकर लाता है। इसलिए यह पूरी तरह न्यायसंगत है कि 2030 कॉमनवेल्थ गेम्स की मेजबानी का सम्मान हरियाणा के हिस्से आए। उन्होंने कहा कि हरियाणा केवल एक भूभाग नहीं, बल्कि देश की खेल प्रतिभाओं की खान है। हमारे यहां के खिलाडिय़ों ने अपनी मेहनत और पसीने से पूरी दुनिया में देश का तिरंगा ऊंचा किया है।
चूंकि देश को सर्वाधिक मेडल दिलाने में हरियाणा का सबसे बड़ा योगदान रहा है, इसलिए 2030 कॉमनवेल्थ गेम्स की मेजबानी का अधिकार भी सबसे पहले हरियाणा का बनता है। इस मौके पर छात्र नेता प्रवीण बूरा ने कहा कि इस आयोजन से न केवल प्रदेश में विश्वस्तरीय खेल सुविधाओं, आधुनिक स्टेडियमों और सुदृढ़ बुनियादी ढांचे का तेजी से विकास होगा, बल्कि आने वाली युवा पीढ़ी को भी खेलों के प्रति अभूतपूर्व प्रेरणा मिलेगी। छात्र नेता सुमित बराड़ ने कहा कि यह मुहिम सिर्फ एक आयोजन की मांग नहीं है, बल्कि हरियाणा के हर उस खिलाड़ी के सम्मान की लड़ाई है जिसने देश का नाम रोशन किया है। यदि हरियाणा को इन खेलों की मेजबानी या सह-मेजबानी मिलती है, तो यह हमारे खिलाडिय़ों के ऐतिहासिक और स्वर्णिम योगदान का सबसे बड़ा सम्मान होगा। वैश्य कॉलेज में आयोजित इस हस्ताक्षर अभियान के दौरान विद्यार्थियों और युवाओं में भारी उत्साह देखने को मिला। सैकड़ों छात्र-छात्राओं ने दस्तावेजों पर हस्ताक्षर कर इस मांग को समर्थन दिया। इस दौरान एनएसयूआई टीम के कई अन्य पदाधिकारी और कार्यकर्ता भी मौजूद रहे। इस अवसर पर दीपक देशवाल, विकास परमार, विक्रम, अंकुर, रमन, सचिन, आर्यन, अजय, सौरभ, हर्ष, तरूण, गुरविंद्र, निकुंज, अमन, अमित, विनय, प्रियांश, सावन, सचिन सहित अनेक छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।