महाशिवरात्रि पर्व पर हनुमान जोहड़ी मंदिर में लगी शिव भक्तों की कतारें
भिवानी:
छोटी काशी भिवानी के हनुमान ढ़ाणी स्थित हनुमान जोहड़ी मंदिर में बुधवार को महाशिवरात्रि का पर बड़े ही उत्साह से मनाया गया। शिवलिंग पर जलाभिषेक के लिए मंदिर में सुबह से ही श्रद्धालुओं को भारी भीड़ व लंबी कतारे देखी गई, जिन्होंने शिवलिंग पर जलाभिषेक कर महादेव के प्रति अपनी श्रद्धा प्रकट की। इस दौरान मंदिर में पहुंचने वाले श्रद्धालुओं को मंदिर के महंत बालयोगी चरणदास महाराज ने महाशिवरात्रि पर नशे जैसी सामाजिक बुराईयां त्यागते हुए जल एवं पर्यावरण संरक्षण व स्वच्छता अपनाने का संकल्प दिलाया।
श्रद्धालुओं को महाशिवरात्रि पर्व का महत्व बताते हुए मंदिर के महंत बालयोगी चरणदास महाराज ने कहा कि महाशिवरात्रि केवल एक धार्मिक पर्व ही नहीं, बल्कि आत्मशुद्धि और आंतरिक शक्ति को जागृत करने का भी अवसर है। उन्होंने कहा कि इस दिन भगवान शिव और देवी पार्वती का विवाह हुआ था, इसलिए इसे शिव और शक्ति के मिलन का पावन अवसर माना जाता है।
उन्होंने कहा कि इस वर्ष महाशिवरात्रि का महत्व और अधिक है, क्योकि 144 वर्षों के अद्भुत संयोग के बाद बने महाकुंभ का आज अंतिम स्नान है, जिसके चलते इस वर्ष की महाशिवरात्रि विशेष महत्व रखती है। भारत माता मंदिर के महंत माई जी महाराज ने कहा कि धार्मिक दृष्टि के साथ-साथ महाशिवरात्रि का वैज्ञानिक महत्व भी है। यह दिन ग्रहों की विशेष स्थिति के कारण ऊर्जा के प्रवाह के लिए उत्तम माना जाता है। ध्यान, योग और साधना करने से शरीर और मन को गहरा शांति अनुभव होता है। उन्होंने बताया कि भगवान शिव की अराधना करने से सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं।