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Haryana State Women Commission: शर्मा नर्सिंग होम में आयोजित हुआ रक्तदान शिविर, एसडीएम संदीप कुमार ने बढ़ाए हौसले

तोशाम में रक्तदान शिविर का आयोजन। हरियाणा महिला आयोग की वाइस चेयरपर्सन मीना परमार ने की शिरकत।
 

रक्त का कोई विकल्प नहीं, जिंदगी में  अवश्य करें रक्तदान: वाइस चेयरपर्सन मीना परमार

रक्त का कोई विकल्प नहीं, रक्त पूर्ति केवल मानव शरीर से संभव - वाइस चेयरपर्सन परमार

सरकार ने दिया महिलाओं को सुरक्षित और भयमुक्त वातावरण: मीना परमार

तोशाम, 12 सितंबर। हरियाणा राज्य महिला आयोग की वाइस चेयरपर्सन मीना परमार ने कहा है कि रक्त का कोई विकल्प नहीं, यह केवल एक व्यक्ति द्वारा दान करने से ही प्राप्त किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि विश्व में रक्तदान सब दानों में सबसे बड़ा महादान है और इसका कोई मुकाबला नहीं कर सकता है। वाइस चेयरपर्सन शनिवार को शर्मा नर्सिंग एवं मेटरनिटी होम में स्व.डॉ तरूण शर्मा की की पुण्यतिथि पर आयोजित रक्तदान शिविर के अवसर पर बोल रही थी। इससे पहले उन्होंने रक्तदाताओं को बैज लगाकर व प्रमाण-पत्र देकर प्रोत्साहित किया। कार्यक्रम में एसडीएम संदीप कुमार भी पहुंचे और रक्तदाताओं को बैज लगाकर प्रोत्साहित किया। डॉ तरूण शर्मा वेलफेयर सोसाइटी के प्रधान आदित्य शर्मा व अस्पताल संचालक डॉ प्रोमिला शर्मा व सरपंच राजेश तंवर ने अतिथियों का स्वागत किया। 

वाइस चेयरपर्सन मीना परमार ने कहा कि रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया है यह सराहनीय है। उन्होंने कहा कि वैज्ञानिक क्षेत्र में काफी तरक्की हो चुकी है। लेकिन रक्त का कोई विकल्प नहीं खोजा जा सकता। दुनिया में ऐसी एक भी लैबोरट्री नहीं है जहां पर रक्त की एक बूंद तैयार की जा सके। रक्त की पूर्ति केवल मानव शरीर से ही संभव है और रक्तदान जो किया जाता है वह लोगों की जिंदगियां बचाने का काम करता है। उन्होंने कहा कि समाज हमारे लिए बहुत कुछ करता है। इस सृष्टि में जिंदा रहने के लिए हमें समाज के लिए बहुत कुछ करना पड़ता है। उस कर्ज को उतारने के लिए सबसे बेहतरीन फार्मूला रक्तदान है। 

सरकार ने दिया महिलाओं को सुरक्षित और भयमुक्त वातावरण---

वाइस चेयरपर्सन मीना परमार ने कहा कि महिलाओं को किसी भी प्रकार से घबराने या चिंता करने की जरूरत नहीं है। हरियाणा महिला आयोग हमेशा महिलाओं के साथ खड़ा है और उनके हितों पर कभी आंच नहीं आने दी जाएगी। उन्होंने महिलाओं से आह्वान किया कि यदि उनके साथ किसी भी स्तर पर कोई गलत व्यवहार होता है तो वे उसका विरोध करें।  उन्होंने कहा कि महिलाओं को हमेशा निडर रहना चाहिए। परमार ने कहा कि केंद्र व राज्य सरकार महिलाओं को सुरक्षित, सम्मानजनक एवं भयमुक्त वातावरण प्रदान करने के लिए निरंतर कार्य कर रही है।  उन्होंने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा और उनके अधिकारों की रक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है।

इस अवसर पर डीएजी एडवोकेट परमजीत, एडवोकेट लोकेश मुदगिल, डॉ संदीप मुदगिल, एडवोकेट सुरेंद्र शर्मा, डॉ कुलदीप भारद्वाज, डॉ अश्वनी बजाज, विनोद बिरड़ा, संजय गुप्ता, अजय भुक्कल, डॉ रणसिंह, डॉ प्रीतम, डॉ मनोज बिडौला, डॉ अनिल बिडौला, राजेन्द्र खरक, राजेश बागनवाला, सुनील दरियापुर, रविन्द्र शर्मा, परमानन्द शर्मा, प्रेमवती मुदगिल, पुनिता गुप्ता, संतोष अग्रवाल, शशी, नीलम, कविता आदि उपस्थित रहे।