US News: डोनाल्ड ट्रंप पर हुए हमले क्या फर्जी थे? सर्वे में हर तीसरे अमेरिकी ने जताया शक

डोनाल्ड ट्रंप पर हुए हमलों को लेकर अमेरिका में बड़ा विवाद। NewsGuard के सर्वे में 33% लोगों ने हमलों को 'फर्जी' या 'प्लांटेड' बताया। जानें क्या कहते हैं आंकड़े।

 
JD Vance Washington DC attack news

अमेरिका में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर हुए हमलों को लेकर लोगों के बीच बड़ा विवाद खड़ा हो गया है. एक नए सर्वे में सामने आया है कि कई अमेरिकी नागरिक मानते हैं कि ट्रंप पर हुए कुछ हमले फर्जी या पहले से प्लान किए गए हो सकते हैं. यह सर्वे NewsGuard और YouGov ने किया. इसमें 1,000 अमेरिकी लोगों से 28 अप्रैल से 4 मई के बीच सवाल पूछे गए. 11 मई को जारी रिपोर्ट में सामने आया कि लगभग हर तीन में से एक अमेरिकी मानता है कि ट्रंप पर हुए तीन हालिया हमलों में से कम से कम एक हमला फर्जी था.

सर्वे के मुताबिक, 25 अप्रैल को वॉशिंगटन डीसी में हुए व्हाइट हाउस कॉरेस्पोंडेंट्स डिनर के दौरान ट्रंप पर हुए हमले को 24% लोगों ने फर्जी बताया. वहीं 45% लोगों का मानना है कि हमला असली था. करीब 32% लोग ऐसे भी थे जिन्हें इस मामले को लेकर कोई साफ राय नहीं थी. यह कार्यक्रम वॉशिंगटन हिल्टन होटल में हुआ था. उस समय ट्रंप के साथ अमेरिका के उपराष्ट्रपति जेडी वेंस समेत कई बड़े नेता और अधिकारी मौजूद थे.

रिपब्लिकन और डेमोक्रेट्स के बीच बड़ा फर्क

सर्वे में राजनीतिक दलों के बीच बड़ा फर्क भी दिखा. करीब 33% डेमोक्रेट समर्थकों ने कहा कि हमला फर्जी था, जबकि रिपब्लिकन समर्थकों में सिर्फ 8% लोगों ने ऐसा माना. NewsGuard की संपादक सोफिया रुबिन्सन ने कहा कि यह सर्वे दिखाता है कि अमेरिका में लोग सरकार और मीडिया पर पहले की तुलना में कम भरोसा कर रहे हैं.

व्हाइट हाउस के प्रवक्ता डेविस इंगल ने इन दावों को गलत बताया. उन्होंने कहा कि जो लोग सोचते हैं कि ट्रंप ने खुद पर हमला करवाया, वे गलत हैं. 11 मई को सर्वे के रिजल्ट आए थे, इसी दिन इस मामले के आरोपी कोल टॉमस एलन ने अदालत में खुद को निर्दोष बताया था. उस पर राष्ट्रपति की हत्या की कोशिश और फेडकरल एजेंट्स पर हमला करने जैसे आरोप लगे हैं.

जुलाई 2024 में जानलेवा हमला हुआ था

सबसे बड़ा हमला जुलाई 2024 में पेंसिल्वेनिया के बटलर शहर में ट्रंप की चुनावी रैली के दौरान हुआ था. उस समय गोली ट्रंप के कान को छूते हुए निकल गई थी और एक व्यक्ति की मौत हो गई थी. FBI ने हमलावर की पहचान 20 साल के थॉमस मैथ्यू क्रूक्स के तौर पर की थी. बाद में सीक्रेट सर्विस ने उसे मार गिराया था.

सर्वे के मुताबिक, 24% लोगों ने पेंसिल्वेनिया वाली घटना को भी फर्जी बताया. वहीं सितंबर 2024 में फ्लोरिडा के वेस्ट पाम बीच में ट्रंप के गोल्फ क्लब के पास हुई घटना को 16% लोगों ने फर्जी माना. रिपोर्ट में यह भी सामने आया कि 18 से 29 साल के युवा बाकी उम्र के लोगों की तुलना में ज्यादा मानते हैं कि ट्रंप पर हुए हमले पहले से प्लान किए गए थे.