यूपी पुलिस भर्ती परीक्षा: 8 से 10 जून तक होगी परीक्षा, गाइडलाइन्स जारी
उत्तर प्रदेश में पुलिस विभाग में नौकरी पाने का सपना देख रहे लाखों युवाओं का इंतजार अब खत्म हो गया है. आरक्षी नागरिक पुलिस एवं समकक्ष पदों के लिए आयोजित होने वाली लिखित परीक्षा 8 जून से शुरू हो गई है. यह परीक्षा 8, 9 और 10 जून तक चलेगी. राज्यभर में बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों के शामिल होने को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा और व्यवस्थाओं को मजबूत किया है. परीक्षा को नकलमुक्त और पारदर्शी बनाने के लिए विशेष इंतजाम किए गए हैं. केंद्रों पर कड़ी निगरानी रखी जाएगी और अभ्यर्थियों को निर्धारित नियमों का पालन करना होगा.
छह पालियों में आयोजित होगी परीक्षा
पुलिस भर्ती की इस बड़ी परीक्षा में करीब 28 लाख अभ्यर्थी शामिल हो रहे हैं. उम्मीदवारों की संख्या अधिक होने के कारण परीक्षा को छह पालियों में आयोजित किया जा रहा है. तीन दिनों तक चलने वाली परीक्षा में प्रतिदिन दो पालियां होंगी. पहली पाली सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक और दूसरी पाली दोपहर 3 बजे से शाम 5 बजे तक आयोजित की जाएगी. परीक्षा शुरू होने से पहले अधिकारियों ने अलग-अलग केंद्रों का निरीक्षण कर तैयारियों का जायजा लिया.
सुरक्षा के कड़े इंतजाम
परीक्षा को पूरी तरह नकलमुक्त बनाने के लिए प्रशासन ने व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की है. सभी केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरों, वीडियोग्राफी और अन्य निगरानी व्यवस्थाओं का उपयोग किया जाएगा. अभ्यर्थियों को एंट्री से पहले जांच प्रक्रिया से गुजरना होगा. मोबाइल फोन, स्मार्ट वॉच, ब्लूटूथ डिवाइस, कैलकुलेटर, डिजिटल पेन और अन्य इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस को परीक्षा केंद्र में ले जाने की अनुमति नहीं होगी.
कई सामानों पर भी रहेगा प्रतिबंध
परीक्षा केंद्रों में वॉलेट, चाबी, टोपी, ज्वेलरी, पेंसिल बॉक्स और खाने-पीने की वस्तुएं भी प्रतिबंधित रहेंगी. प्रश्नपत्र और ओएमआर शीट के सुरक्षित परिवहन और जमा करने के लिए विशेष व्यवस्था की गई है. केंद्रों के बाहर पार्किंग, पीने का पानी, बिजली और मेडिकल सुविधाएं भी उपलब्ध कराई गई हैं.
परीक्षार्थियों की सुविधा के लिए स्पेशल ट्रेनें
परीक्षा को देखते हुए रेलवे स्टेशनों और बस अड्डों पर अभ्यर्थियों की भारी भीड़ देखने को मिली. यात्रियों की सुविधा के लिए रेलवे प्रशासन ने तीन विशेष परीक्षा ट्रेनें चलाने का निर्णय लिया है. इससे दूर-दराज के क्षेत्रों से आने वाले अभ्यर्थियों को परीक्षा केंद्र तक पहुंचने में आसानी होगी. रेलवे और सुरक्षा एजेंसियों को भीड़ प्रबंधन और कानून व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं.

