भिवानी: जमीन अधिग्रहण के विरोध में किसानों का धरना, ₹1 करोड़ मुआवजे की मांग
भिवानी के मानहेरू में रेलवे जमीन अधिग्रहण के खिलाफ किसानों का प्रदर्शन। ₹33 लाख के मुआवजे को ठुकराया, बाजार भाव के अनुसार ₹1 करोड़ प्रति एकड़ की मांग पर अड़े किसान।
भिवानी। मानहेरू रेलवे स्टेशन के पास 23 एकड़ कृषि भूमि के अधिग्रहण के विरोध में मानहेरू और गौरीपुर गांव के किसानों ने प्रदर्शन कर मुआवजा बढ़ाने की मांग उठाई। किसानों ने स्पष्ट कहा कि जब तक उन्हें जमीन का न्यायोचित मुआवजा नहीं मिलेगा तब तक वे अपनी भूमि पर रेलवे विभाग को कब्जा नहीं लेने देंगे।
किसानों ने मानहेरू रेलवे स्टेशन के पास अपनी भूमि पर टेंट लगाकर धरना शुरू कर दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि विभाग द्वारा बिना स्वीकृति के भूमि पर निशानदेही के लिए पोल लगाए जा रहे हैं जो अवैध है। प्रदर्शन में मानहेरू के सरपंच प्रदीप कुमार, गौरीपुर के सरपंच पुनीत सांगवान, समाजसेवी सतपाल उर्फ लाला, जिला पार्षद सतबीर सांगा, किसान सभा के जिला प्रधान रामफल देशवाल और उपप्रधान कामरेड ओमप्रकाश शामिल रहे।
किसानों का कहना है कि रेलवे विभाग प्रस्तावित अधिग्रहण बहुत कम कीमत पर कर रहा है। विभाग ने 33 लाख रुपये प्रति एकड़ मुआवजा तय किया है जबकि जमीन का बाजार मूल्य करीब एक करोड़ रुपये प्रति एकड़ है। उन्होंने आरोप लगाया कि विभाग कलेक्टर रेट के आधार पर जबरन भूमि अधिग्रहण करना चाहता है जो किसानों की जीवन रेखा है। किसानों ने निर्णय लिया कि वे अपनी समस्या को लेकर विधायक घनश्याम सर्राफ से मिलेंगे और इस मामले में हस्तक्षेप की मांग करेंगे। साथ ही रेलवे विभाग से 15 मई तक कार्य रोकने का अनुरोध किया है। इस मौके पर किसान रामानंद, बीडीसी प्रचारी, नेपाल सिंह, भीम, राजकुमार और गौरीपुर से कप्तान कुलदीप सिंह सहित अन्य किसान मौजूद रहे।

