Bhiwani News: भिवानी में कूड़े के ढेर से बढ़ा प्रदूषण, 152 पहुंचा AQI; सफाई कर्मियों की हड़ताल जारी

भिवानी में सफाई कर्मियों की हड़ताल से चरमराई व्यवस्था। शहर में 72 जगहों पर लगे कचरे के ढेर, AQI 152 (खराब श्रेणी) तक पहुंचा। प्रशासन ने कूड़ा उठान के लिए निजी ट्रॉली तैनात की।

 
Haryana Safai Karamchari Union Demands

भिवानी। सफाई कर्मचारियों की हड़ताल के चलते शहर में जमा कूड़े से उठ रहे धुएं और बदबू ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी है। कूड़ा उठान बंद होने से शहर के चौक-चौराहों पर कचरे के ढेर लग गए हैं। लोग कूड़े को नष्ट करने के लिए उसमें आग लगा रहे हैं जिससे शहर का वायु प्रदूषण बढ़ गया है। शहर का एक्यूआई 152 तक पहुंच गया है जो खराब श्रेणी में दर्ज किया गया।

इसके कारण लोगों को आंखों में जलन और सांस लेने में दिक्कत जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। शहर में 72 जगहों पर अवैध कचरा प्वाइंट बन चुके हैं। हालांकि प्रशासन ने सफाई व्यवस्था बहाल करने के लिए नायब तहसीलदार को ड्यूटी मजिस्ट्रेट नियुक्त किया है। वहीं नगर परिषद ने कूड़ा उठान के लिए पांच निजी ट्रैक्टर-ट्रॉली लगाने की तैयारी शुरू कर दी है।

नगर परिषद कर्मचारी अपनी 17 सूत्रीय मांगों को लेकर एक मई से हड़ताल पर हैं। कर्मचारी संघ ने हड़ताल को अब 11 मई तक बढ़ा दिया है। कर्मचारियों की मांग है कि कच्चे कर्मचारियों को पक्का किया जाए, ठेका प्रथा समाप्त हो तथा हरियाणा सचिवालय में ग्रुप-डी कर्मचारियों की सूची में सफाई कर्मचारी और सीवरमैन को भी शामिल किया जाए। इसके अलावा पुरानी पेंशन बहाल करने और आबादी के अनुसार भर्ती करने की मांग भी उठाई गई है। कर्मचारियों का कहना है कि मांगें पूरी होने तक हड़ताल जारी रहेगी।

नगर परिषद के सभी 285 सफाई कर्मचारी हड़ताल पर होने के कारण शहर में सफाई व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित है। यूनियन ने डोर-टू-डोर कचरा उठान भी बंद करवा रखी है जिसके चलते शहरभर में कचरे के ढेर जमा हो गए हैं। हालात लगातार बिगड़ते जा रहे हैं और फिलहाल स्थिति में सुधार के आसार नजर नहीं आ रहे।

नगर परिषद ने की पांच ट्रैक्टर-ट्रॉली लगाने की तैयारी
शहर में जमा कूड़े से लोगों को राहत दिलाने के लिए नगर परिषद ने पांच निजी ट्रैक्टर-ट्रॉली लगाकर कूड़ा उठान करवाने की तैयारी की है। प्रशासन का कहना है कि जरूरत पड़ने पर निजी माध्यम से सफाई व्यवस्था भी करवाई जा सकती है। दूसरी ओर लोग जमा कूड़े को खत्म करने के लिए उसमें आग लगा रहे हैं जिससे समस्या और गंभीर हो गई है। कूड़े की बदबू के साथ-साथ जलते कचरे से उठ रहा धुआं भी लोगों के लिए परेशानी का कारण बन रहा है। लगातार बढ़ते प्रदूषण के कारण शहर का एक्यूआई 152 तक पहुंच गया है जो खराब श्रेणी में माना जाता है। प्रदूषित हवा के कारण लोगों की आंखों में जलन की शिकायतें भी बढ़ने लगी हैं।

शहर में सफाई कर्मचारियों की हड़ताल के कारण जगह-जगह गंदगी फैली हुई है। जिसके कारण बीमारियां फैलने का खतरा बना हुआ है। कूड़े के ढेरों के कारण लोगों को परेशानी उठानी पड़ रही है। इसलिए सरकार को लोगों को समस्या से निजात दिलानी चाहिए।

कूड़े का उठान न होने के कारण बाजारों में हालात अत्यंत खराब हैं। प्रत्येक चौक पर कूड़े के ढेर लगे हैं जिसके कारण गंदगी फैल रही है। यदि जल्द ही कूड़े की उठान नहीं हुई तो लोगों की परेशानी और बढ़ जाएगी। 

सफाई कर्मचारियों से अपील है कि वे जल्द से जल्द हड़ताल समाप्त करें। हड़ताल के कारण जमा कूड़े से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। हड़ताल खत्म होने तक नगर परिषद बीच का रास्ता निकालते हुए पांच निजी ट्रैक्टर-ट्रॉलियों को कूड़ा उठान में लगाने पर विचार कर रहा है ताकि लोगों की परेशानी कम की जा सके।