Charkhi Dadri Court Firing Case: दादरी कोर्ट के पास फायरिंग मामला, पुलिस एनकाउंटर में मुख्य शूटर के पैर में लगी गोली; 3 गिरफ्तार

चरखी दादरी में थाने के सामने हुई फायरिंग मामले में मुख्य आरोपी रोहित कातिया एनकाउंटर के बाद गिरफ्तार। क्यूआरटी के 6 पुलिसकर्मी सस्पेंड। पढ़ें पूरा अपडेट।

 
हरियाणा पुलिस एनकाउंटर न्यूज

चरखी दादरी: सिटी थाने के सामने हुई फायरिंग मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी रोहित कातिया को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया है. ये मुठभेड़ चरखी दादरी के बोंद में हुई. पुलिस ने घटना में शामिल साहूवास के प्रीत और भिवानी के सांगा गांव के युद्धविंद्र को भी गिरफ्तार किया है. इसके अलावा एसपी लोगेश कुमार ने कोर्ट परिसर के मुख्य गेट पर तैनात रहने वाली क्विक रिस्पॉन्स टीम के 6 पुलिसकर्मियों को सस्पेंड कर दिया है. क्योंकि फायरिंग की वारदात कोर्ट परिसर से निकलते ही 50 मीटर दूर सिटी थाना के सामने हुई थी. कोर्ट के आसपास की सिक्योरिटी का जिम्मा क्यूआरटी टीम का होता है.

चरखी दादरी में फायरिंग के तीन आरोपी गिरफ्तार: डीएसपी धीरज कुमार ने बताया कि "पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि आरोपी बौंद-कलानौर लिंक रोड से गुजरने वाले हैं. सूचना के आधार पर पुलिस ने नाकाबंदी की. इस दौरान संदिग्ध सफेद रंग की मारुति फ्रॉन्क्स कार को रुकने का इशारा किया, लेकिन कार से उतरते ही आरोपी ने पुलिस टीम पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग कर दी. आरोपी की गोली पुलिस के सरकारी वाहन के बंपर पर लगी."

आरोपी के कब्जे से अवैध हथियार बरामद: "पुलिस ने पहले आरोपी को आत्मसमर्पण की चेतावनी दी, लेकिन उसने दोबारा फायरिंग कर दी. इसके बाद पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई की, जिसमें आरोपी के पैर में गोली लगी और उसे मौके पर ही काबू कर लिया. तलाशी के दौरान उसके कब्जे से एक अवैध पिस्तौल बरामद हुई. घायल आरोपी को तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया, जबकि एफएसएल और सीन ऑफ क्राइम टीम ने मौके से साक्ष्य जुटाए."

गिरफ्तार आरोपियों की हुई पहचान: डीएसपी ने बताया कि "गिरफ्तार मुख्य आरोपी की पहचान रोहित उर्फ कातिया, निवासी गांव माजरा-दुबलधन (जिला झज्जर) के रूप में हुई है. प्रारंभिक पूछताछ में उसने दादरी फायरिंग की साजिश में शामिल होने की बात स्वीकार की है. रोहित हत्या, लूट और मारपीट जैसे कई गंभीर मामलों में पहले भी संलिप्त रह चुका है. जांच के दौरान पुलिस ने साजिश में शामिल दो अन्य आरोपियों प्रीत (निवासी साहूवास) तथा युदबिन्दर (निवासी सांगा, हाल निवासी लोहारू चौक, चरखी दादरी) को भी गिरफ्तार कर लिया है. तीनों आरोपियों से पूछताछ जारी है."

घायलों का भी निकला आपराधिक रिकॉर्ड, 6 पर मुकदमे दर्ज: डीएसपी धीरज कुमार ने बताया कि "गोलीबारी की घटना में घायल हुए सात लोगों में से 6 का आपराधिक रिकॉर्ड सामने आया है. फतेहगढ़ निवासी अमित के खिलाफ हत्या सहित विभिन्न धाराओं में 21 मुकदमे दर्ज हैं. इसके अलावा विजय उर्फ सन्नी पर 6, अंकित पुत्र सतबीर पर 5, जबकि कृष्ण, कीर्तिमान और सूरजमल पर एक-एक आपराधिक मामला दर्ज है. घायल अंकित पुत्र सुरेश का कोई आपराधिक रिकॉर्ड सामने नहीं आया है. मामले की जांच जारी है और घटना में शामिल अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार कार्रवाई कर रही है. कानून-व्यवस्था से खिलवाड़ करने वाले किसी भी अपराधी को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा."

क्या है पूरा मामला? ये पूरा विवाद चार एकड़ जमीन को लेकर हुआ. बाढ़डा थाने में इस मामले में केस भी दर्ज है. मामले में अमित फतेहगढ़िया का नाम मुख्य रूप से शामिल है. इसी प्रॉपर्टी विवाद को लेकर सात लोग स्कॉर्पियो में कोर्ट में पेशी पर आए थे. पेशी के बाद जब स्कॉर्पियो कोर्ट से बाहर निकली तो, तीन बदमाश एक बाइक पर सवार होकर आए. आरोपियों ने थाने के सामने स्कॉर्पियो के आगे बाइक अड़ाकर उसे रुकवा लिया. इसके बाद ताबड़तोड़ फायरिंग की. जिसमें स्कॉर्पियो में सवार सात लोग घायल हो गए.