Shiv Durga Vihar Drug Racket: फरीदाबाद में चल रहा था इंटरनेशनल ड्रग्स सिंडिकेट, 2.337 किलो कोकीन और कैश बरामद

फरीदाबाद के शिव दुर्गा विहार इलाके में 4 मंजिला इमारत से 15 करोड़ की कोकीन बरामद। NCB और क्राइम ब्रांच ने 3 विदेशी नागरिकों को किया गिरफ्तार।
 
NCB Delhi raid

फरीदाबाद : दिल्ली बॉर्डर से सटे फरीदाबाद के शिव दुर्गा विहार-लकड़पुर इलाके में एक चार मंजिला इमारत में करोड़ों रुपये की ड्रग्स मिलने के बाद सनसनी फैल गई। बाहर से सामान्य रिहायशी बिल्डिंग नजर आने वाली इस इमारत के 10 फ्लैटों में अफ्रीकी मूल के नागरिक किराए पर रह रहे थे। इनमें से एक फ्लैट को कथित तौर पर ड्रग्स की सप्लाई के लिए इस्तेमाल किया जा रहा था।

15-16 सितंबर की रात दिल्ली NCB और फरीदाबाद क्राइम ब्रांच की टीम ने R-1 फ्लैट पर छापेमारी की। टीम ने किचन, बाथरूम, बेड, सोफा, अलमारी और बैग तक खंगाले। तलाशी के दौरान अलमारी और सूटकेस से बड़ी मात्रा में कोकीन और अन्य संदिग्ध नशीला पदार्थ बरामद हुआ।

2.337 किलो कोकीन समेत भारी मात्रा में ड्रग्स बरामद

पुलिस के मुताबिक फ्लैट से 2.337 किलो कोकीन, 26 ग्राम एम्फेटामाइन, 1.378 किलो संदिग्ध व्हाइट पाउडर और करीब 50 हजार रुपये कैश बरामद हुआ। बरामद कोकीन की शुरुआती कीमत करीब 15 करोड़ रुपये आंकी गई है। फ्लैट में छोटे-छोटे पैकेट और इलेक्ट्रॉनिक तराजू भी मिले। पुलिस को शक है कि ड्रग्स को 1-2 ग्राम की छोटी पुड़ियों में बांटकर आगे सप्लाई किया जाता था।

डबल किराए पर रहते थे विदेशी नागरिक

स्थानीय लोगों के अनुसार इलाके में सामान्य फ्लैट का किराया करीब 15 से 20 हजार रुपये है, जबकि इस बिल्डिंग में करीब 40 हजार रुपये तक किराया लिया जा रहा था। बिल्डिंग के सभी 10 फ्लैटों में अफ्रीकी मूल के लोग रह रहे थे। रेड के बाद पुलिस ने अन्य फ्लैटों में रहने वाले विदेशी नागरिकों के दस्तावेजों की भी जांच की। दस्तावेज FRRO को भेजकर उनकी वैधता की जांच कराई जा रही है।

अंधेरा होते ही दिल्ली नंबर की स्कूटी से निकलते थे

स्थानीय लोगों के मुताबिक दिन में बिल्डिंग में रहने वाले लोग सामान्य गतिविधियों में नजर आते थे, लेकिन शाम होते ही उनकी आवाजाही बढ़ जाती थी। पुलिस को जानकारी मिली है कि ड्रग्स की सप्लाई के लिए दिल्ली नंबर की स्कूटी का इस्तेमाल किया जाता था। जांच में यह भी सामने आया है कि दिल्ली से ड्रग्स फरीदाबाद पहुंचने के बाद उसे छोटे पैकेटों में बांटकर दिल्ली, गुरुग्राम और NCR के दूसरे इलाकों में भेजे जाने की आशंका है। हालांकि पुलिस अभी पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने में जुटी है।

बिल्डिंग मालिक की तलाश

स्थानीय लोगों के मुताबिक बिल्डिंग सरजीत नाम के व्यक्ति की बताई जा रही है। छापेमारी के बाद से वह फरार है और पुलिस उसकी तलाश कर रही है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि इतनी बड़ी मात्रा में ड्रग्स वाले फ्लैट को लंबे समय तक किराए पर देने और विदेशी किराएदारों के सत्यापन की प्रक्रिया किस तरह हुई।

2018 में भारत आए थे तीन आरोपी

पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार आरोपियों की पहचान नाइजीरिया के इफियानी इमैनुएल, बेल जॉन उर्फ एनुडुन इमैनुएल और कैमरून के अमोस ओवी के रूप में हुई है। ACP अमन यादव के अनुसार तीनों वर्ष 2018 में भारत आए थे और करीब तीन साल पहले फरीदाबाद पहुंचे थे। पुलिस का दावा है कि आरोपी यहां से NCR में ड्रग्स की छोटी खेप सप्लाई कर रहे थे। तीनों को कोर्ट में पेश कर रिमांड पर लिया गया है।

रिमांड में खुलेगा ड्रग नेटवर्क का राज

अब पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर यह पता लगाने में जुटी है कि ड्रग्स की खेप कहां से आती थी, कौन लोग इसे फरीदाबाद तक पहुंचाते थे और किन-किन इलाकों में इसकी सप्लाई की जाती थी। पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि अब तक कितनी खेप बाजार में पहुंचाई जा चुकी है। पुलिस प्रवक्ता यशपाल के मुताबिक बिल्डिंग में रहने वाले अन्य विदेशी नागरिकों के दस्तावेजों की जांच कराई जा रही है। दस्तावेजों में अनियमितता पाए जाने पर नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।