गुड़गांव: महिला आयोग चेयरमैन की टिप्पणी के विरोध में स्टाफ नर्सों की हड़ताल
महिला आयोग की चेयरमैन रेनू भाटिया की टिप्पणी से आहत गुड़गांव की स्टाफ नर्सों ने पैन-डाउन हड़ताल की। माफी न मिलने पर स्वास्थ्य सेवाएं ठप करने की चेतावनी।
गुड़गांव : महिला आयोग हरियाणा की चेयरमैन रेनू भाटिया द्वारा कुरूक्षेत्र में स्टाफ नर्स पर की गई टिप्पणी का असर अब गुड़गांव में देखने को मिल रहा है। टिप्पणी करने के विरोध में आज गुड़गांव के सरकारी अस्पताल में कार्यरत स्टाफ नर्स ने पैन डाउन हड़ताल कर दी। हालांकि यह हड़ताल दो घंटे की रही, लेकिन इस हड़ताल के कारण मरीजों को परेशान होना पड़ा।
स्टाफ नर्स एसोसिएशन के पदाधिकारियों की मानें तो गुड़गांव सिविल अस्पताल में 155 स्टाफ नर्स तैनात हैं। कुरुक्षेत्र में महिला आयोग की चेयरमैन द्वारा की गई टिप्पणी से सभी स्टाफ नर्स आहत हैं। अगर वह माफी नहीं मांगती हैं तो यह हड़ताल कल भी जारी रहेगी। इसके साथ ही एसोसिएशन की बैठक की जाएगी। इस बैठक में अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने का भी फैसला लिया जा सकता है। एसोसिएशन की पूनम सराय ने बताया कि आज सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक पैन डाउन हड़ताल रही। इस हड़ताल के कारण मरीजों को परेशानी न हो इसके लिए इमरजेंसी सेवाओं को इस हड़ताल से दूर रखा गया। वहीं, ओपीडी में भी मरीजों की भारी संख्या को देखते हुए हर वार्ड में एक-एक स्टाफ नर्स को ड्यूटी पर रखा गया है ताकि मरीजों को भी परेशान न हो। उन्होंने साफ तौर पर चेतावनी देते हुए कहा कि अगर महिला आयोग की चेयरमैन द्वारा माफी नहीं मांगी गई तो स्टाफ नर्स द्वारा स्वास्थ्य सेवाएं पूरी तरह से ठप कर दी जाएंगी जिसकी पूरी जिम्मेदारी सरकार की होगी।
वहीं, आज हुई हड़ताल के कारण मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ा। स्टाफ नर्स न होने के कारण मरीजों को स्वास्थ्य जांच के लिए परेशानी हुई। सबसे अधिक परेशानी गायनी वार्ड व अस्पताल में भर्ती मरीजों को हुई जहां उन्हें इलाज में देरी हो रही है।

