Haryana Police News: विदेश में छिपे गैंगस्टरों पर कसेगा शिकंजा, 20 हजार नई भर्तियों का ऐलान और साइबर क्राइम पर बड़ा दावा

गुड़गांव में डीजीपी अजय सिंघल ने कहा कि जनता में आतंक फैलाने वालों को आतंकवादियों वाला ट्रीटमेंट मिलेगा। पुलिस आधुनिकीकरण पर खर्च होंगे 1300 करोड़।
 
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गुड़गांव : अगर कोई भी व्यक्ति पब्लिक के दिमांग में आतंक क्रिएट करने का प्रयास करता है तो हरियाणा पुलिस उसे वही ट्रीटमेंट देगी जो एक आतंकवादी को दिया जाता है और उसी के तहत अगर कोई पुलिस की तरफ गन उठाएगा तो उसको जवाब गन से ही मिलेगा। जहां भी पुलिस और अपराधियों के बीच एनकाउंटर हुए हैं वहां पुलिस ने उन्हें मुंहतोड़ जवाब दिया है। यह बात हरियाणा के डीजीपी अजय सिंघल ने कही। वे आज गुड़गांव के सेक्टर-18 पुलिस थाने की नवनिर्मित इमारत का उद्घाटन करने के लिए आए थे।

बिल्डिंग का उद्घाटन करने के बाद उन्होंने पत्रकारों से बात की और कहा कि लोगों को धमकी भरी कॉल को लेकर पुलिस ने एसओपी तैयार की है। लोग तकनीक का इस्तेमाल कर विदेशों में बैठकर पब्लिक को धमका रहे हैं। इसे नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने एक ऐप बनाई ताकि कोई भी गैंगस्टर लोगों को धमकी भरे कॉल या वाइस मैसेज न दे पाए। इसके अलावा सिक्योरिटी प्रॉविजन, सीसीटीवी सहित अन्य सिक्योरिटी प्रॉविजन भी किए गए हैं। अगर किसी ने लोगों को आतंकित करने की कोशिश की तो उसका मुंहतोड़ जवाब दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि हरियाणा में एटीएस सेंटर खुल चुका है जिसमें एक थाना पंचकूला और एक थाना स्पेशल गुड़गांव के लिए रखा है। सात स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप बनाए हैं जो विशेष तौर पर टेरर संबंधित केस को डील करेंगे। 

डीजीपी ने कहा कि विदेश में बैठे गैंगस्टरों पर कार्रवाई को लेकर भी पुलिस कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि अक्सर किसी भी अपराध में कई गैंगस्टर के नाम पर क्लेम किए जाते हैं ताकि उनके नाम का खौफ बना रहे, लेकिन कई मामलों की जांच में यह क्लेम झूठे निकले हैं। उन्होंने कहा कि यह लोग पब्लिसिटी चाहते हैं। उन्होंने कहा कि पिछले दो साल में हरियाणा पुलिस ने 25 गैंगस्टरों को डिपोर्ट कराया है। उन्होंने कहा कि यह गैंगस्टर किसी भी देश में जाकर छिप लें, लेकिन हरियाणा पुलिस उन्हें पकड़कर जेल में डाल ही देगी। 

पुलिस मॉडलाइजेशन पर खर्च होंगे 1300 करोड़

पद संभालने के बाद पहली बार गुड़गांव पहुंचे डीजीपी ने सेक्टर-18 थाने की साढ़े 4 करोड़ रुपए से बनी नई बिल्डिंग का अनावरण किया। डीजीपी ने कहा कि जनवरी माह में पद संभालने के साथ ही पुलिस के लिए कई नई वेलफेयर स्कीम शुरू की जिसके तहत 50 करोड़ रुपए से ज्यादा राशि प्रति वर्ष खर्च की जा रही है। सरकार ने भी इसके लिए पूरा स्पोर्ट किया। इस साल इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने के लिए मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने 640 करोड़ रुपए पुलिस को दिए हैं और अगले दो साल में करीब 1300 करोड़ रुपए पुलिस की मॉडलाइजेशन पर खर्च करेंगे जिसकी शुरूआत हो चुकी है। डीजीपी ने कहा कि प्रदेश में इस साल पुलिस ने 8 थाने, 3 पुलिस पोस्ट, 9 पुलिस बिल्डिंग और 313 घर और दो बाउंड्री वाल का निर्माण हरियाणा पुलिस कॉरपोरेशन द्वारा किया गया है। दो पुलिस स्टेशन, 5 बिल्डिंग और 565 घर और 4 बाउंड्रीवाल अभी निर्माणाधीन हैं। नए बजट के साथ 11 पुलिस स्टेशन, 5 पुलिस पोस्ट, 1 पुलिस लाइन, 30 बिल्डिंग और 695 घर बनाएंगे। यह पूरी प्लानिंग विकसित भारत 2047 के तहत किया जा रहा है इसको मुख्यमंत्री स्वयं देख रहे हैं। इसके साथ ही साल 2030 तक पुलिस इंफ्रास्ट्रक्चर पर 4 हजार करोड़ का बजट खर्च करेंगे।

20 हजार भर्तियों की प्रक्रिया चालू

डीजीपी ने कहा कि पिछले साल 5500 भर्तियां की गई हैं। अभी 5500 भर्ती चल रही हैं और नवंबर माह में 4 हजार पदों पर और भर्ती की जाएगी। अगले मार्च में 5 से 6 हजार पदों पर भर्ती की जाएगी। रिटायर होने वाले पदों को भी अगर देखा जाए ताे 20 हजार भर्ती होने के बाद भी 10 हजार पद रिक्त रह जाएंगे। इसके अलावा शगुन स्कीम के तहत ढाई लाख रुपए पुलिसकर्मी की बेटियों की शादी और हॉस्टल जाने वाले बच्चों के लिए 50 हजार रुपए दिए जाने का प्रावधान है। इसके अलावा 17 बैंक्वेट हॉल पुलिस लाइन में बनाए गए हैं।

नशा तस्करी रोकने के लिए गृहमंत्री खुद कर रहे निगरानी

पब बार के जरिए नशे को बढ़ावा मिलने को लेकर डीजीपी ने कहा कि नशा पुलिस के लिए बहुत बड़ा चैलेंज बन गया है। पंजाब के साथ लगने के कारण हरियाणा में नशा तस्करी बढ़ रही है। ऐसे में पुलिस कार्रवाई कर रही है जिसके लिए एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स का गठन भी किया है और एडीजीपी स्तर के अधिकारी मॉनिटर कर रहे हैं। इसके साथ ही नशा तस्करी रोकने के लिए गृहमंत्री अमित शाह स्वयं मॉनिटर कर रहे हैं। नेशनल कॉर्डिनेशन मीटिंग में उन्होंने चीफ सेक्रेटरी और डीजीपी से बात की और इस पर सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए। 

नए एक्सप्रेसवे बनने से यंगस्टर में गाड़ियों को ओवरस्पीड चलाने का क्रेज

रोडरेज को लेकर डीजीपी ने कहा कि नई सड़कें और एक्सप्रेसवे बनने के बाद यंगस्टर अपनी गाड़ियो को काफी तेज रफ्तार में चलाने का प्रयास करते हैं। इसे नियंत्रित करने के लिए सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। इसके अलावा पुलिस भी लगातार कार्रवाई कर रही है। डीजीपी ने सिया हिट एंड रन केस का जिक्र करते हुए कहा कि गुड़गांव में जब कार ने बाइक राइडर सिया उर्फ शिवानी को टक्कर मारी थी तो पुलिस ने उस मामले में कार्रवाई करते हुए आरोपी को पलवल से ढूंढ निकाला और हत्या के प्रयास की धाराएं लगाई। महिला सुरक्षा को लेकर उन्होंने कहा कि हरियाणा महिला सुरक्षा में नंबर वन रहा है। वह करीब 6 साल तक एडीजीपी क्राइम अंगेस्ट वूमेन रहे हैं। तक 33 वूमेन पुलिस स्टेशन बनाए, दुर्गा शक्ति, महिला रेपिड फोर्स बनाई, ऐप बनाई जिसके जरिए महिलाओं को सहायता मिले। ट्रिप मॉनिटरिंग सर्विस भी शुरू करने के साथ ही जागरुकता अभियान भी चलाए हैं जिसके तहत पिछले एक साल में महिला अपराध में 20 प्रतिशत की कमी आई है। 

साइबर अपराध रोकने में गुड़गांव पुलिस देश में नंबर वन

साइबर फ्रॉड को लेकर उन्होंने कहा कि पिछले दस वर्षों में यह एक नया चैलेंज है। साइबर क्राइम को लेकर उन्होंने दावा किया कि पूरे देश में हरियाणा पुलिस साइबर अपराध रोकने के लिए बहुत अच्छा काम कर रही है। हरियाणा पुलिस के कार्य की मंत्रालय द्वारा सराहना भी की जा रही है। साइबर अपराध रोकने के लिए हरियाणा पुलिस ने कई तरह की ऐप भी बनाई हैं जिसका फायदा लोगों को मिल रहा है। उन्होंने कहा कि हेल्पलाइन नंबर पर तुरंत ही साइबर अपराध की शिकायतें दर्ज हो रही हैं। इसका जीता जागता उदाहरण करनाल में है जहां एक ज्वेलर्स का मोबाइल हैक कर एक करोड़ रुपए की ठगी की गई, और 5 मिनट में ही महिला ज्वेलर्स ने पुलिस को शिकायत दी जिसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए उनके 1 करोड़ रुपए वापस करवा दिए। उन्होंने कहा कि हरियाणा पुलिस न केवल साइबर अपराध रोकने में नंबर वन है बल्कि रिकवरी रेट भी पूरे भारत में नंबर वन पर है। साइबर अपराध रोकने के लिए पुलिस भी अपडेट हो रही है।