H1N1 Virus in Haryana: मानसून के बाद बढ़ा स्वाइन फ्लू का खतरा, स्वास्थ्य विभाग ने जारी की चेतावनी
चंडीगढ़: हरियाणा में इस साल अब तक स्वाइन फ्लू के 403 मामले सामने आ चुके हैं। 13 सितंबर को चार नए मरीज मिले जिनमें तीन भिवानी और एक कुरुक्षेत्र से है। फिलहाल प्रदेश में चार सक्रिय मरीज हैं, जबकि 325 मरीज ठीक हो चुके हैं। अब तक 43 मरीजों को अस्पताल में भर्ती कराने की जरूरत पड़ी है।
13 सितंबर को सामने आए चार नए मामलों में भिवानी में तीन और कुरुक्षेत्र में एक मरीज मिला। बाकी जिलों में इस दिन कोई नया मामला सामने नहीं आया। इस साल एच1एन1 संक्रमण से सीधे तौर पर कोई मौत दर्ज नहीं हुई है। हालांकि, अन्य गंभीर बीमारियों से ग्रस्त मरीजों में पांच मौतें दर्ज की गई हैं। जिलेवार आंकड़ों में फरीदाबाद 81 मामलों के साथ सबसे ऊपर है।
इसके बाद हिसार में 65, गुरुग्राम में 46 और करनाल में 37 मामले सामने आ चुके हैं। हिसार में दो, जबकि सोनीपत, पानीपत और पंचकूला में एक-एक मौत दर्ज की गई है। विभाग के अनुसार बुजुर्ग, बच्चे, गर्भवती महिलाएं मधुमेह, उच्च रक्तचाप हृदय या सांस के मरीजों को सावधानी बरतनी चाहिए।
एच३एन2 के 9 केस सभी मरीज हुए ठीक
एच३एन2 का 13 सितंबर को कोई नया मामला सामने नहीं आया। इस साल अब तक इसके नौ मामले मिले हैं और सभी मरीज ठीक हो चुके हैं। इससे किसी मरीज की मौत दर्ज नहीं हुई है। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष डॉ. अजय महाजन के अनुसार मानसून के बाद बढ़ी उमस और मौसम में बदलाव वायरस के फैलने के लिए अनुकूल माहौल बनाते हैं। यही वजह है कि सितंबर में स्वाइन फ्लू संक्रमण का खतरा अधिक रहता है।