Haryana Rice Millers Association: तुरंत हो चावल का उठान या भुगतान का मिले विकल्प, करनाल में मिलर्स की चेतावनी
हरियाणा में सीएमआर (CMR) चावल का समय पर उठान न होने से 433 राइस मिलरों का 1.68 लाख मीट्रिक टन चावल फंसा है। करनाल में मिलरों ने बैठक कर चेतावनी दी।
हरियाणा के राइस मिलरों के पास कस्टम मिल्ड राइस (CMR) का बकाया चावल समय पर न उठाए जाने के कारण समस्याएं लगातार गंभीर होती जा रही हैं। स्थिति से निपटने के लिए 'करनाल राइस मिलर्स एसोसिएशन' ने एक स्थानीय होटल में आपात बैठक का आयोजन किया। एसोसिएशन के प्रधान राजिंद्र मोंगा ने बताया कि प्रदेश के 433 राइस मिलरों के पास पिछले सीजन का लगभग 1.68 लाख मीट्रिक टन चावल अटका पड़ा है। मिलर स्टॉक खाली करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं, लेकिन खाद्य एवं आपूर्ति विभाग द्वारा उठान न किए जाने से वे भारी परेशानी झेल रहे हैं। मिलर्स ने सरकार से मांग की है कि या तो चावल का तुरंत उठान कराया जाए या फिर भुगतान का विकल्प देकर अड़चन को दूर किया जाए।
⚖️ रात के समय दीवार फांदकर छापेमारी का विरोध: अधिकारियों और प्रशासन से शिकायत करेंगे करनाल के राइस मिलर्स
बैठक में ऊंचा समाना स्थित एक राइस मिल में डीएफएससी (DFSC) मुकेश द्वारा देर रात की गई छापेमारी के तरीके पर भी मिलर्स ने कड़ा ऐतराज जताया। एसोसिएशन के प्रधान ने आरोप लगाया कि विभागीय कर्मचारियों ने नियमों की अनदेखी कर मिल की दीवारें फांदकर अंदर प्रवेश किया, जो पूरी तरह अनुचित है। इस घटना की शिकायत संबंधित मंत्रियों, विधायकों, उच्च अधिकारियों और जिला उपायुक्त (DC) को सौंपने का निर्णय लिया गया है। इसके साथ ही, मिलर्स ने आरोप लगाया कि ट्रेडर्स और मिलर्स के साथ राजनीति की जा रही है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार और प्रशासन ने जल्द समाधान नहीं निकाला, तो उन्हें कड़े कदम उठाने के लिए मजबूर होना पड़ेगा।