मनीषा मौत मामला: 10 महीने बाद भी सीबीआई जांच अधूरी, परिजनों में भारी रोष

शिक्षिका मनीषा मौत मामले को 10 महीने बीत चुके हैं, लेकिन सीबीआई जांच का खुलासा नहीं हुआ। परिजनों ने सीबीआई की चुप्पी पर उठाए सवाल। पढ़ें पूरी रिपोर्ट।

 
भारतीय किसान यूनियन प्रदर्शन

ढिगावा मंडी। ढाणी लक्ष्मण निवासी निजी स्कूल की शिक्षिका मनीषा मौत मामले में परिजनों का सब्र अब जवाब दे रहा है। बेटी की मौत को 10 महीने से ज्यादा हो चुके हैं लेकिन सीबीआई जांच का अब तक कोई खुलासा नहीं हुआ है। अब मनीषा के पिता ने सीबीआई के डीएसपी से फोन पर बातचीत की तो उन्होंने कहा कि कोई फोन नहीं आया।

मनीषा के पिता संजय ने बताया कि 29 जून को जब वे भिवानी में आमरण अनशन पर बैठने के लिए गांव से निकले तो कुडलवास के पास करीब 10 किमी चलते ही पुलिस प्रशासन ने उन्हें रोक दिया। उस समय पुलिस कप्तान ने भरोसा दिलाया था कि जल्द ही सीबीआई अधिकारियों से कमेटी के सदस्यों और संजय की बातचीत करवाई जाएगी।

एसपी ने इसके लिए 10 व 11 जुलाई की तारीख भी दी थी। लेकिन जब संजय ने दोबारा कप्तान से बात की तो उन्होंने कहा कि वे सीबीआई डीएसपी से सीधे बात करें। संजय के मुताबिक, जब उन्होंने सीबीआई के अधिकारी से फोन पर संपर्क किया तो अधिकारी ने साफ कहा कि उनके पास कमेटी या संजय से मिलने के लिए पुलिस कप्तान, सरकार या किसी अन्य स्तर से कोई फोन या बातचीत नहीं हुई है।

जून में खुलासा होना था, थोड़ा समय और लगेगा
संजय ने सीबीआई अधिकारी से खुलासे की तारीख पूछी तो जवाब मिला कि खुलासा जून महीने में करना था लेकिन थोड़ा समय और लगेगा। उन्होंने आश्वस्त किया कि मामले का खुलासा जल्द किया जाएगा। भारतीय किसान यूनियन के प्रदेश सचिव आजाद सिंह भुंगला ने कहा कि मनीषा मौत मामले में सीबीआई अपनी जांच का खुलासा करे। 10 महीने बीत जाने के बाद भी न्याय न मिलने से परिजनों में रोष है और अब सीबीआई की चुप्पी सवालों के घेरे में है।