Sangel Nuh Veterinary News: संगेल गौशाला में शुरू हुई हाई-टेक पशु चिकित्सा सुविधा, दुर्घटनाग्रस्त और गंभीर पशुओं का होगा इलाज

नूंह के संगेल में जिले के पहले आधुनिक पशु ऑपरेशन थियेटर का उद्घाटन। पशुपालकों को मिलेंगी बेहतर चिकित्सा सुविधाएं।
 
veterinary hospital Nuh Haryana

नूंह : नूंह जिले के पशुपालकों और पशुधन के लिए शुक्रवार को एक महत्वपूर्ण सुविधा की शुरुआत हुई। गांव संगेल स्थित पशु क्रूरता निवारण समिति (एसपीसीए) की इन्फर्मरी एवं गौशाला परिसर में जिले के पहले आधुनिक पशु ऑपरेशन थियेटर का उद्घाटन उपायुक्त एवं जिला पशु क्रूरता निवारण समिति के चेयरमैन अखिल पिलानी ने किया। इस अवसर पर उपायुक्त ने कहा कि आधुनिक पशु चिकित्सा सुविधा की शुरुआत जिले के पशुपालकों के लिए किसी बड़ी सौगात से कम नहीं है।

नीति आयोग के आकांक्षी जिले नूंह में करीब 3.11 लाख पशुधन है। जिले की ग्रामीण अर्थव्यवस्था काफी हद तक पशुपालन पर निर्भर है और बड़ी संख्या में छोटे एवं सीमांत किसान पशुधन के माध्यम से अपनी आजीविका चलाते हैं। ऐसे में पशुओं के लिए बेहतर और आधुनिक चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराना बेहद जरूरी है। पशुधन के क्षेत्र में जिले की आर्थिक प्रगति और रोजगार सृजन की व्यापक संभावनाएं हैं। इसी उद्देश्य से संगेल में आधुनिक पशु ऑपरेशन थियेटर स्थापित किया गया है। यहां दुर्घटनाग्रस्त पशुओं, जटिल प्रसव तथा गंभीर बीमारियों से पीड़ित पशुओं का समय पर शल्य उपचार किया जा सकेगा। इससे पशुओं की मृत्यु दर को कम करने के साथ पशुपालकों को होने वाले आर्थिक नुकसान में भी कमी आएगी।

उपायुक्त ने बताया कि ऑपरेशन थियेटर के उद्घाटन के दिन ही तीन पशुओं की सफल सर्जरी की गई। उन्होंने कहा कि अब जिले के पशुओं को बेहतर शल्य चिकित्सा के लिए दूर-दराज के क्षेत्रों में ले जाने की आवश्यकता कम होगी तथा स्थानीय स्तर पर ही आधुनिक चिकित्सा सुविधा उपलब्ध हो सकेगी। अखिल पिलानी ने कहा कि पशु क्रूरता निवारण समिति जिले में पशु कल्याण के लिए लगातार कार्य कर रही है। समिति की नियमित बैठकों और प्रयासों के परिणामस्वरूप यह महत्वपूर्ण परियोजना साकार हो सकी है।  उन्होंने कहा कि संगेल में जिले के पहले आधुनिक पशु ऑपरेशन थियेटर की स्थापना पशु कल्याण, पशुधन संरक्षण और किसानों को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। इससे पशुपालकों को आधुनिक पशु चिकित्सा सेवाएं स्थानीय स्तर पर मिल सकेंगी और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।