Nuh Ground Subsidence: पांच दिन बाद फिर टनल का हिस्सा धंसने से मचा हड़कंप, ग्रामीणों ने उठाए सुरक्षा पर सवाल

नूंह के सेहसोला गांव में ऑर्बिटल रेल कॉरिडोर की टनल का हिस्सा दोबारा धंसने से एक एकड़ जमीन नीचे समा गई है। ग्रामीणों में भारी दहशत का माहौल है।

 
Taukuru rail project ground subsidence

हरियाणा के नूंह जिले के तावडू उपमंडल अंतर्गत आने वाले गांव सेहसोला में निर्माणाधीन ऑर्बिटल रेल कॉरिडोर की टनल में शनिवार देर रात एक बार फिर जमीन धंसने की गंभीर घटना सामने आई है। लगभग 300 मीटर के दायरे में अचानक जमीन धंसने से आसपास के क्षेत्र में लंबी-लंबी दरारें पड़ गई हैं। इस घटना की वजह से एक निर्माणाधीन सरकारी भवन और एक पक्का मकान बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए हैं, जबकि तीन-चार अन्य मकानों में भी गहरी दरारें आ गई हैं। बार-बार हो रहे भूधंसाव से स्थानीय ग्रामीणों में भारी दहशत का माहौल है और निर्माण एजेंसी की सुरक्षा व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े होने लगे हैं।

⚠️ महज पांच दिन पहले भी धंसा था टनल का हिस्सा, निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर उठे गंभीर सवाल

ग्रामीणों ने रोष जताते हुए बताया कि इस बड़ी घटना से महज पांच दिन पहले भी इसी टनल का लगभग 20 मीटर हिस्सा धंस गया था। इतनी बड़ी चेतावनी के बावजूद दोबारा जमीन धंसने से निर्माण कार्य में बरती जा रही लापरवाही साफ उजागर होती है। ग्रामीणों ने आशंका जताई है कि जिस वक्त यह हादसा हुआ, उस समय टनल के भीतर मजदूर काम कर रहे हो सकते हैं, जिससे उनके मलबे में फंसे होने की आशंका से भी इंकार नहीं किया जा सकता। हालांकि, प्रशासन की ओर से अभी तक किसी के हताहत होने की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। सूचना मिलते ही पुलिस बल मौके पर पहुंच गया और स्थिति को नियंत्रित करने में जुट गया।

🛠️ 4.7 किलोमीटर लंबी टनल के निर्माण कार्य के दौरान हुआ हादसा, प्रशासन रख रहा है नजर

इस परियोजना से जुड़े एचआरआईडीसी के अधिकारी नरेंद्र चुंबल ने जानकारी दी कि अरावली क्षेत्र में करीब 4.7 किलोमीटर लंबी टनल का निर्माण किया जा रहा है, जिसमें से 2.3 किलोमीटर हिस्से में एनएटीएम (न्यू ऑस्ट्रियन टनलिंग मेथड) तकनीक का इस्तेमाल किया जा रहा है। रेल विकास निगम द्वारा कराए जा रहे इस प्रोजेक्ट का अधिकांश कार्य पूरा हो चुका था और केवल अंतिम चरण का काम शेष था, तभी यह हादसा हो गया। फिलहाल एहतियात के तौर पर पुलिस ने घटनास्थल को घेर लिया है और प्रशासन पूरे मामले की तकनीकी जांच कराने की तैयारी कर रहा है।