Haryana Civic Polls Result: हरियाणा के सभी 11 नगर निगमों पर BJP का कब्जा; उकलाना में 24 वर्षीय रीमा सोनी ने रचा इतिहास

हरियाणा निकाय चुनाव परिणाम 2026: भाजपा ने 7 में से 6 निकायों में दर्ज की जीत। पंचकूला, सोनीपत और अंबाला में खिले कमल। उकलाना में निर्दलीय रीमा सोनी ने भाजपा को हराया।

 
Rajiv Jain Sonipat Mayor Win

चंडीगढ़। हरियाणा में विधानसभा चुनाव के करीब डेढ़ साल बाद हुए शहरी निकाय चुनाव में भाजपा कमल का फूल खिलाने में कामयाब रही है।

मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में लड़े गए सात शहरी निकायों के चुनाव में छह निकायों में भाजपा उम्मीदवार चुनाव जीते हैं, जबकि हिसार जिले की उकलाना नगरपालिका में कांग्रेस व इनेलो समर्थित 22 वर्षीय निर्दलीय उम्मीदवार रीमा सोनी चुनाव जीतने में सफल रही है। भाजपा ने पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा के प्रभाव वाले सोनीपत नगर निगम और सांपला नगर पालिका में भी चुनाव जीत लिया।

पंचूकाल नगर निगम चुनाव का रिजल्ट

पंचकूला नगर निगम में भाजपा के शाम लाल बंसल, सोनीपत में राजीव जैन, अंबाला में अक्षिता सैनी मेयर का चुनाव जीते हैं। रेवाड़ी नगर परिषद में विनिता पिप्पल, धारूहेड़ा नगर पालिका में सत्य नारायण उर्फ अजय जांगड़ा और सांपला नगर पालिका में भाजपा के ही प्रवीण अध्यक्ष पद का चुनाव जीतने में कामयाब रहे।

उकलाना नगर पालिका एकमात्र ऐसी सीट रही है, जहां निर्दलीय रीमा सोनी ने भाजपा की निकिता गोयल को 7078 मतों के अंतर से पराजित कर अध्यक्ष पद कब्जाया है।

इन सभी शहरी निकायों में पार्षदों के चुनाव में भी अधिकतर पर भाजपा उम्मीदवारों का कब्जा रहा है। कांग्रेस को इस चुनाव में बेहद निराशा का सामना करना पड़ा।

शामलाल बंसल की सबसे बड़ी जीत

शहरी निकाय चुनाव में सबसे बड़ी जीत पंचकूला नगर निगम में भाजपा के शामलाल बंसल की हुई है, जिन्होंने कांग्रेस की सुधा भारद्वाज को 36 हजार 252 मतों के भारी अंतर से पराजित कर मेयर की कुर्सी पर कब्जा किया।

पंचकूला में इनेलो के मनोज अग्रवाल को 3465 और आम आदमी पार्टी के राजेश कुमार को सिर्फ 2759 मतों में संतोष करना पड़ा। सोनीपत नगर निगम के चुनाव में भाजपा के राजीव जैन की दूसरी सबसे बड़ी जीत हुई है।

मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार रह चुके राजीव जैन ने कांग्रेस के कमल दिवान को 23 हजार 247 मतों के अंतर से पराजित कर दूसरी बार मेयर का पद कब्जाया। इससे पहले राजीव जैन उपचुनाव में मेयर बने थे। यहां इनेलो के आनंद कुमार को 5210 मतों में संतोष करना पड़ा।

अंबाला में भी बड़ी जीत

तीसरे नगर निगम अंबाला में भाजपा की अक्षिता सैनी ने कांग्रेस की कुलविंदर कौर सैनी को 21 हजार 358 मतों के अंतर से पराजित कर मेयर का चुनाव जीता।

निर्दलीय उम्मीदवार सोनिया चौधरी ने अंबाला नगर निगम के चुनाव को त्रिकोणीय बना दिया था। सोनिया को इस चुनाव में 21 हजार 730 वोट मिले। पंचकूला, अंबाला और सोनीपत तीनों नगर निगमों में भाजपा मेयरों की जीत का अंतर 20 हजार से अधिक रहा है, जबकि इनमें भी पंचकूला में जीत का अंतर 35 हजार से अधिक है।

रेवाड़ी में कैसा रहा रिजल्ट?

रेवाड़ी नगर परिषद में अध्यक्ष के चुनाव में भाजपा की विनिता पिप्पल ने कांग्रेस की निहारिका को 21 हजार 455 मतों के अंतर से पराजित कर दिया, जबकि धारूहेड़ा नगर पालिका के अध्यक्ष पद के चुनाव में भाजपा के सत्य नारायण उर्फ अजय जांगड़ा ने निर्दलीय बाबू लाल लांबा को 6236 मतों के अंतर से पराजित किया।

धारूहेड़ा के चुनाव में कांग्रेस की कुमारी राज तीसरे नंबर पर रही। सांपला नगर पालिका पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा के विधानसभा क्षेत्र गढ़ी-सांपला-किलोई का हिस्सा है।

कांग्रेस ने हालांकि यहां अपनी पार्टी का कोई अधिकृत उम्मीदवार चुनाव मैदान में नहीं उतारा, जबकि भाजपा के प्रवीण ने निर्दलीय अंकित शमशेर सिंह को 687 मतों के अंतर से पराजित कर अध्यक्ष पद जीत लिया।

अब सभी 11 नगर निगमों पर भाजपा का कब्जा

हरियाणा में कुल 11 नगर निगम हैं। इनमें फरीदाबाद, गुरुग्राम, अंबाला, पंचकूला, यमुनानगर, रोहतक, पानीपत, करनाल, हिसार, सोनीपत और मानेसर शामिल हैं।

इनके अलावा, राज्य में 23 नगर परिषदें और 53 से अधिक नगर पालिकाएं हैं। पंचकूला, सोनीपत और अंबाला नगर निगमों में भाजपा के मेयर बनने के बाद अब सभी 11 नगर निगमों में भाजपा के मेयर हो गए हैं।

आठ नगर निगमों में पहले से भाजपा के मेयर चुनाव जीते हुए थे। इस बार के चुनाव में करीब 55 प्रतिशत वोट पड़े थे, जो कि काफी कम थे।

पंचकूला नगर निगम

नाम पार्टी प्राप्त वोट जीत का अंतर
कुलभूषण गोयल (शाम लाल बंसल) भाजपा (BJP) 68,544 36,252
सुधा भारद्वाज कांग्रेस (INC) 32,292 -
मनोज अग्रवाल इनेलो (INLD) 3,465 -
राजेश कुमार आप (AAP) 2,759 -
नोटा (NOTA) - 1,443 -

सोनीपत नगर निगम

नाम पार्टी प्राप्त वोट जीत का अंतर
राजीव जैन भाजपा (BJP) 78,035 23,247
कमल दिवान कांग्रेस (INC) 54,788 -
आनंद कुमार इनेलो (INLD) 5,210 -
नोटा (NOTA) - 1,606 -

अंबाला नगर निगम

नाम पार्टी प्राप्त वोट जीत का अंतर
अक्षिता सैनी भाजपा (BJP) 52,794 21,358
कुलविंदर कौर सैनी कांग्रेस (INC) 31,436 -
सोनिया चौधरी निर्दलीय 21,730 -
नोटा (NOTA) - 1,691 -

रेवाड़ी नगर परिषद

नाम पार्टी प्राप्त वोट जीत का अंतर
विनिता पिप्पल भाजपा (BJP) 44,521 21,455
निहारिका कांग्रेस (INC) 23,044 -
नोटा (NOTA) - 1,409 -

धारुहेड़ा नगर पालिका

नाम पार्टी प्राप्त वोट जीत का अंतर
सत्य नारायण उर्फ अजय जांगाड़ भाजपा (BJP) 9,392 6,236
बाबू लाल लांबा निर्दलीय 3,156 -
कुमारी राज कांग्रेस (INC) 1,817 -
नोटा (NOTA) - 90 -

उकलाना नगर पालिका

नाम पार्टी प्राप्त वोट जीत का अंतर
रीमा सोनी निर्दलीय 7,078 2,806
निकिता गोयल भाजपा (BJP) 4,272 -
नोटा (NOTA) - 62 -

सांपला नगर पालिका

नाम पार्टी प्राप्त वोट जीत का अंतर
प्रवीण भाजपा (BJP) 4,391 687
अंकित शमशेर सिंह निर्दलीय 3,704 -
नोटा (NOTA) - 35 -

यह रहे जीत के 'सूरमा'

1. राजीव जैन, मेयर सोनीपत, भाजपा
आयु : 62 वर्ष
राजनीतिक यात्रा : पूर्व मुख्यमंत्री स्वर्गीय चौधरी बंसीलाल और पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल के मीडिया सलाहकार रहे। वर्ष
2000 और 2005 में सोनीपत से विधानसभा चुनाव लड़ा, लेकिन हार गए। पत्नी कविता जैन मनोहर सरकार में कैबिनेट मंत्री रहीं। पिछले साल सोनीपत में मेयर उपचुनाव जीता था।

2. शाम लाल बंसल, मेयर पंचकूला, भाजपा
आयु - 72 वर्ष
राजनीतिक यात्रा - वर्ष 1971 से राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से जुड़े। 1993 में पंचकूला विधानसभा क्षेत्र से भाजपा के टिकट पर उपचुनाव लड़ा, लेकिन हार गए। इसके बाद 1996 और 2000 में कालका से भाजपा ने उम्मीदवार बनाया, लेकिन जीत नहीं सके। भाजपा के जिला अध्यक्ष और उपाध्यक्ष तथा प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य रहे हैं।

3. अक्षिता सैनी, मेयर अंबाला, भाजपा
आयु : 32 साल
राजनीतिक सफर : पहली बार नगर निगम का चुनाव लड़ा। पिता स्वर्ण सैनी भाजपा और आरएसएस से जुड़े हुए हैं। विशुद्ध रूप से राजनीतिक नहीं, लेकिन पिता की तरफ से विरासत में राजनीति के गुण मिले।

4. विनिता पिप्पल, रेवाड़ी नगर परिषद की प्रधान, भाजपा
आयु : 52 साल
राजनीतिक सफर : केंद्रीय राज्यमंत्री राव इंद्रजीत की समर्थक। पति नरेंद्र पिप्पल एडवोकेट हैं। वर्ष 2013 में वार्ड पार्षद और 2016 में नगर परिषद चेयरपर्सन चुनी गईं। 2020 में कांग्रेस उम्मीदवार प्रवीण चौधरी से पार्षद चुनाव में हारीं। ससुर मोहन लाल पिप्पल पटौदी से 1982 और 1991 में विधायक रहे।

5. रीमा सोनी, उकलाना नगर पालिका की प्रधान, निर्दलीय
आयु : 24 साल
राजनीतिक सफर : पहली बार नगर पालिका का चुनाव लड़ा। कांग्रेस और इनेलो ने अपना समर्थन दिया। पिता महेंद्र सोनी पार्षद रह चुके हैं। 2020 में पिता ने चेयरमैन का चुनाव लड़ा था, लेकिन हार गए।

6. प्रवीण कोच, सांपला नगर पालिका के अध्यक्ष, भाजपा
आयु : 51 साल
राजनीतिक सफर : वर्ष 2008 से 2013 तक नगर पालिका के चेयरमैन रहे। विगत 16 अप्रैल को ही कांग्रेस छोड़कर भाजपा में शामिल हुए थे। बड़े भाई देवेंद्र 1996 से 1998 तक जिला परिषद के सदस्य रहे। इसी तरह दूसरे भाई जोगेंद्र 1998 से 2003 तक जिला परिषद सदस्य रहे।

7. सत्य नारायण उर्प अजय जांगड़ा, धारूहेड़ा नगर पालिका के प्रधान, भाजपा
आयु : 52 साल
राजनीतिक सफर : परिवार की कोई राजनीतिक पृष्ठभूमि नहीं है। पहली बार वर्ष 2020 में पार्षद चुने जाने के बाद वाइस चेयरमैन बने।