अधिकारी ग्रेप के तीसरे चरण में लगी पाबंदियों को सख्त से लागू करें: डीसी
भिवानी।
डीसी साहिल गुप्ता ने प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, शहरी निकायों, एचएसआईआईडीसी, लोक निर्माण विभाग, श्रम विभाग, पंचायत विभाग सहित अन्य विभागाध्यक्षों को निर्देश देते हुए कहा कि एनसीआर व आस-पास जिले में प्रदूषण का स्तर एक बार फिर निर्धारित मानकों से अधिक होने से ग्रैप-3 की पाबंदी लागू हो गई हैं।
ऐसे में संबंधित विभागों के अधिकारी अपने-अपने अधिकार क्षेत्र में ग्रेप के तीसरे चरण में लगी पाबंदियों को सख्त से लागू करें और उनके द्वारा की गई कार्रवाई की रिपोर्ट प्रतिदिन भिजवाएं। इसके साथ ही डीसी ने निर्देश दिए कि प्रदूषण फैलाने वालों के चालान किए जाएं।
डीसी श्री गुप्ता बढ़ते वायु प्रदूषण के चलते शुक्रवार को अपने कैंप कार्यालय में संबंधित अधिकारियों को जरूरी निर्देश दे रहे थे। डीसी ने ग्रैप-3 के तहत धूलभरी सडक़ों पर धूल नियंत्रण को लेकर सडक़ों की मशीनों और वैक्यूम आधारित सफाई, रोजाना पानी का छिडक़ाव और धूल नियंत्रण सामग्री का प्रयोग करने के साथ-साथ एकत्रित धूल को निर्धारित स्थलों पर निस्तारित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने बताया कि निर्माण कार्यों में केवल गैर-प्रदूषणकारी गतिविधियां जैसे जैसे प्लंबिंग, इलेक्ट्रिकल, कारपेंट्री और इंटीरियर फिनिशिंग की अनुमति दी गई है, जबकि स्टोन क्रेशर और माइनिंग गतिविधियों पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा।
डीसी ने नगर परिषद और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिकारियों को निर्देश दिए कि ग्रेप तृतीय चरण के दौरान आदेशों की अवहेलना कर प्रदूषण फैलाने वालों के चालान किए जाएं।
उन्होंने यातायात पुलिस को निर्देश दिए कि शहर में वाहनों से जाम की स्थित न बने। इसी प्रकार से उन्होंने प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को निर्देश दिए कि निजी अस्पतालों, औद्योगिक इकाइयों, स्कूलों व बड़े प्रतिष्ठानों में लगे जनरेटरों की स्थिति की जांच करें।
बैठक में प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी डॉ. सुनील श्योराण ने बताया कि
पर्यावरण प्रदूषण की सिफारिश पर खानक में क्रशरों के संचालन को रोकने को लेकर थ्री फेस बिजली आपूर्ति को बिजली निगम द्वारा एक फेस में ही कर दिया गया है।
- निर्माण और खनन गतिविधियों पर रोक रहेगी।
- डीजल बीएस 3 व 4 वाहनों का परिचालन प्रतिबंधित है।
- निजी वाहनों से बचने की सलाह दी गई है।
- कचरा जलाने पर प्रतिबंध।
- नागरिक प्रदूषण से बचने के लिए सावधानी बरते और अनावश्यक रूप से आवाजाही ना करें।
बैठक में जिला नगर आयुक्त गुलजार मलिक, वन मंडल अधिकारी डॉ. राजेश वत्स सहित सभी संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।

