सीबीएलयू में स्थापित होगी शहीदे आजम भगत सिंह की प्रतिमा, भगत सिंह ब्रिगेड और कुलगुरु के बीच विभिन्न छात्र मुद्दों पर हुई सार्थक चर्चा
शहीद भगत सिंह के पड़पौत्र एवं भगत सिंह ब्रिगेड के राष्ट्रीय अध्यक्ष यादवेंद्र सिंधु ने कुलगुरू से की मुलाकठ
Jun 2, 2026, 11:43 IST
भिवानी, 02 जून : स्थानीय चौ. बंसीलाल विश्वविद्यालय परिसर जल्द ही देश के महान क्रांतिकारी शहीदे आजम भगत सिंह की प्रतिमा से सुशोभित होगा। इस संबंध में भगत सिंह ब्रिगेड के प्रतिनिधिमंडल ने विश्वविद्यालय की कुलगुरु प्रोफेसर डा. दीप्ति धर्मानी से मुलाकात की। बैठक के दौरान विश्वविद्यालय के उत्थान, छात्रवृत्ति, परिवहन और कैंपस के सौंदर्यीकरण जैसे कई गंभीर मुद्दों पर विस्तृत और सकारात्मक चर्चा हुई। प्रशासन की ओर से इस मांग को सैद्धांतिक रूप से स्वीकार करते हुए हर संभव सहयोग का आश्वासन दिया गया है। बैठक में भगत सिंह ब्रिगेड के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं शहीद भगत सिंह के पड़पौत्र यादवेंद्र सिंधु और प्रदेश प्रभारी सुनील चौहान विशेष रूप से मौजूद रहे। उनके साथ मलखान शेखावत, अशोक तिगड़ाना, चौधरी बंसीलाल विश्वविद्यालय के शोध छात्र परविंद्र सिंह देव (पगड़ी वाला) सहित ब्रिगेड के कई अन्य प्रमुख साथी और छात्र प्रतिनिधि शामिल हुए।
मुलाकात का मुख्य उद्देश्य विश्वविद्यालय परिसर के भीतर शहीदे आजम भगत सिंह की प्रतिमा स्थापित करने की मांग को अमलीजामा पहनाना था। प्रतिनिधिमंडल ने कुलगुरु को बताया कि युवाओं के प्रेरणास्रोत भगत सिंह के विचार दौर में छात्रों के लिए अत्यंत प्रासंगिक हैं। इस विषय पर प्रतिक्रिया देते हुए कुलगुरु डॉक्टर प्रोफेसर दीप्ति धर्मानी ने कहा कि महान क्रांतिकारियों के आदर्शों को संजोना और उन्हें नई पीढ़ी तक पहुंचाना शिक्षण संस्थानों का नैतिक कर्तव्य है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने प्रतिमा स्थापना के लिए अपनी ओर से पूर्ण सहयोग और प्रशासनिक औपचारिकताएं पूरी करने का लिखित व मौखिक वादा किया है।
बैठक केवल प्रतिमा स्थापना तक ही सीमित नहीं रही, बल्कि भगत सिंह ब्रिगेड और छात्र नेताओं ने विश्वविद्यालय के बुनियादी ढांचे और छात्रों को आ रही व्यावहारिक दिक्कतों को भी प्रमुखता से उठाया। इस दौरान जरूरतमंद और मेधावी छात्रों को समय पर छात्रवृत्ति का लाभ मिले, ताकि उनकी पढ़ाई में कोई बाधा न आए, दूर-दराज के क्षेत्रों से आने वाले छात्र-छात्राओं के लिए विश्वविद्यालय की ओर से बसों की उचित व्यवस्था की जाए, पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए कैंपस के अंदर बड़े पैमाने पर पेड़-पौधे लगवाने और छात्रों के बैठने व अध्ययन के अनुकूल पार्कों का निर्माण करवाने पर जोर देने जैसे मुद्दों पर चर्चा हुई।
मुलाकात के समापन पर भगत सिंह ब्रिगेड की टीम ने कुलगुरु डॉक्टर दीप्ति धर्मानी को एक विशेष और ऐतिहासिक उपहार भेंट किया। ब्रिगेड की तरफ से शहीदे आजम भगत सिंह द्वारा जेल में रहने के दौरान लिखी गई मूल पुस्तक/दस्तावेज की प्रति कुलगुरु को सौंपी गई। इस अवसर पर सुनील चौहान, मल्खान सिंह, रीितक वधवा, रणजत सिंह देवा, अशोक तेहरी, सुरेंद्र, भीम, भुप्पी कोच, अजीत, आशीष, जंगबीर शेखावत सहित अन्य युवा मौजूद रहे।
मुलाकात का मुख्य उद्देश्य विश्वविद्यालय परिसर के भीतर शहीदे आजम भगत सिंह की प्रतिमा स्थापित करने की मांग को अमलीजामा पहनाना था। प्रतिनिधिमंडल ने कुलगुरु को बताया कि युवाओं के प्रेरणास्रोत भगत सिंह के विचार दौर में छात्रों के लिए अत्यंत प्रासंगिक हैं। इस विषय पर प्रतिक्रिया देते हुए कुलगुरु डॉक्टर प्रोफेसर दीप्ति धर्मानी ने कहा कि महान क्रांतिकारियों के आदर्शों को संजोना और उन्हें नई पीढ़ी तक पहुंचाना शिक्षण संस्थानों का नैतिक कर्तव्य है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने प्रतिमा स्थापना के लिए अपनी ओर से पूर्ण सहयोग और प्रशासनिक औपचारिकताएं पूरी करने का लिखित व मौखिक वादा किया है।
बैठक केवल प्रतिमा स्थापना तक ही सीमित नहीं रही, बल्कि भगत सिंह ब्रिगेड और छात्र नेताओं ने विश्वविद्यालय के बुनियादी ढांचे और छात्रों को आ रही व्यावहारिक दिक्कतों को भी प्रमुखता से उठाया। इस दौरान जरूरतमंद और मेधावी छात्रों को समय पर छात्रवृत्ति का लाभ मिले, ताकि उनकी पढ़ाई में कोई बाधा न आए, दूर-दराज के क्षेत्रों से आने वाले छात्र-छात्राओं के लिए विश्वविद्यालय की ओर से बसों की उचित व्यवस्था की जाए, पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए कैंपस के अंदर बड़े पैमाने पर पेड़-पौधे लगवाने और छात्रों के बैठने व अध्ययन के अनुकूल पार्कों का निर्माण करवाने पर जोर देने जैसे मुद्दों पर चर्चा हुई।
मुलाकात के समापन पर भगत सिंह ब्रिगेड की टीम ने कुलगुरु डॉक्टर दीप्ति धर्मानी को एक विशेष और ऐतिहासिक उपहार भेंट किया। ब्रिगेड की तरफ से शहीदे आजम भगत सिंह द्वारा जेल में रहने के दौरान लिखी गई मूल पुस्तक/दस्तावेज की प्रति कुलगुरु को सौंपी गई। इस अवसर पर सुनील चौहान, मल्खान सिंह, रीितक वधवा, रणजत सिंह देवा, अशोक तेहरी, सुरेंद्र, भीम, भुप्पी कोच, अजीत, आशीष, जंगबीर शेखावत सहित अन्य युवा मौजूद रहे।

