गांव धनाना में करियर सेमिनार का आयोजन : शिक्षाविदों ने युवाओं को दिए सफलता के मंत्र
भिवानी, 23 मई : विद्यार्थियों को 12वीं कक्षा के बाद सही दिशा चुनकर जीवन में आगे बढऩे और देश के विकास में योगदान देने के उद्देश्य से शनिवार को गांव धनाना के बंगला परिसर में एक करियर गाइडेंस और रोजगार सेमिनार का सफल आयोजन किया गया। सम्मान एक प्रयास समिति और समस्त ग्रामवासियों के सहयोग से आयोजित इस कार्यक्रम में न केवल विद्यार्थियों का मार्गदर्शन किया गया, बल्कि परीक्षा में 90 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त करने वाले होनहार छात्र-छात्राओं को प्रशंसा पत्र देकर सम्मानित भी किया गया। सेमीनार में साइंस, कॉमर्स और आर्ट्स तीनों ही संकायों के विद्यार्थियों के लिए उज्ज्वल भविष्य की संभावनाओं पर विस्तार से चर्चा हुई। कार्यक्रम में उपस्थित मुख्य वक्ता और अन्य प्रख्यात शिक्षाविदों ने अपने-अपने संबोधन से युवाओं में नया जोश भर दिया।
कार्यक्रम के मुख्य वक्ता के तौर पर पहुंचे हरियाणा शिक्षा बोर्ड के चेयरमैन डॉ. पवन कुमार शर्मा ने दीप प्रज्वलित कर सेमिनार की शुरुआत की। बोर्ड चेयरमैन ने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि 12वीं कक्षा के बाद का समय हर विद्यार्थी के जीवन का सबसे महत्वपूर्ण मोड़ होता है। आज के डिजिटल युग में अवसरों की कोई कमी नहीं है, बस जरूरत है तो सही दिशा में सही फैसले लेने की। विद्यार्थी अपनी रुचि को पहचाने और बिना किसी मानसिक दबाव के अपने लक्ष्य की ओर बढ़ें। उन्होंने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे युवा देश का भविष्य है, ऐसे में उनको चाहिए कि वे ऐसी राह चुने, जो कि ना केवल उनके परिवार, बल्कि देश की तरक्की भी सुनिश्चित हो। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि युवाओं को सिर्फ सरकारी रोजगार पर निर्भर नहीं रहना चाहिए, बल्कि स्वरोजगार की तरफ भी ध्यान देना चाहिए, ताकि वे अन्य लोगों को रोजगार देने के लायक बन सकें।
कार्यक्रम में भिवानी के विभिन्न महाविद्यालयों से आए विषय विशेषज्ञों ने विद्यार्थियों को साइंस, कॉमर्स और आर्ट्स के क्षेत्र में उभरते हुए नए करियर विकल्पों के बारे में बारीकी से समझाया। एम.एन.एम. राजकीय महाविद्यालय भिवानी के कॉमर्स विभाग के एसोसिएट प्रोफेसर डा. अजीत कुमार ने कहा कि आज का दौर आर्थिक क्रांति का है। कॉमर्स के विद्यार्थियों के लिए केवल पारंपरिक सीए या बैंकिंग ही नहीं, बल्कि डेटा एनालिटिक्स, कॉर्पोरेट लॉ, फाइनेंशियल प्लानिंग और ई-कॉमर्स जैसे क्षेत्रों में अपार संभावनाएं हैं। उन्होंने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे एक अच्छे और मान्यता प्राप्त संस्थान से ही पढ़ाई करे।
राजीव गांधी राजकीय महिला महाविद्यालय भिवानी के कंप्यूटर साइंस विभाग के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. परमानंद ने तकनीकी शिक्षा के महत्व पर जोर देते हुए कहा कि साइंस और कंप्यूटर साइंस के क्षेत्र में हर रोज नई तकनीकें आ रही हैं। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, क्लाउड कंप्यूटिंग और कोडिंग के इस दौर में युवा न केवल बेहतरीन नौकरियां पा सकते हैं, बल्कि अपने नए स्टार्टअप्स शुरू कर दूसरों को भी रोजगार दे सकते हैं। ग्रामीण क्षेत्र के बच्चों को तकनीकी रूप से सक्षम बनना ही होगा।
राजीव गांधी राजकीय महिला महाविद्यालय भिवानी के आर्ट्स विभाग के एसोसिएट प्रोफेसर एवं सम्मान एक प्रयास संस्था के अध्यक्ष राजेश लांग्यान ने कला संकाय के विद्यार्थियों का हौसला बढ़ाते हुए कहा कि यह सोचना बिल्कुल गलत है कि आर्ट्स में अवसर कम हैं। देश की सबसे प्रतिष्ठित प्रशासनिक सेवाओं से लेकर मीडिया, डिजिटल कंटेंट क्रिएशन, कानून और सोशल वर्क जैसे क्षेत्रों में आर्ट्स के विद्यार्थियों का ही दबदबा है। इसके साथ ही उन्होंने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे खेलों को भी अपने जीवन का अभिन्न अंग बनाए। उन्होंने कहा कि संस्था का प्रयास है कि युवाओं को शिक्षा के प्रति जागरूक करे, इसके लिए गांव-गांव में इस प्रकार के कार्यक्रम आयोजित किए जाते रहेंगे।
सेमिनार के समापन पर गांव के उन मेधावी छात्र-छात्राओं को मंच पर सम्मानित किया गया जिन्होंने बोर्ड परीक्षाओं में 90 प्रतिशत से अधिक अंक हासिल कर गांव और जिले का नाम रोशन किया है। सम्मान पाकर विद्यार्थियों के चेहरों पर एक अलग ही मुस्कान और आगे बढऩे का दृढ़ संकल्प दिखाई दिया। आयोजक समिति और ग्रामीणों ने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम का समापन जय हिन्द के गगनभेदी नारों और देशभक्ति के संकल्प के साथ हुआ। उपस्थित अभिभावकों और युवाओं ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में इस तरह के आयोजन युवाओं के सपनों को नई उड़ान देने का काम करते हैं। इस अवसर पर संदीप, रविंद्र, सुमित, सुनील, नसीब, नरेश, सूर्यकांत दहिया, प्रधान कुलदीप, धीरा, राजा, मा. रामोतार, सुरेंद्र शास्त्री, राजेश डीपीई, मा. कृष्ण, डा. आशा सांगवान, मोनिता, उमेद सहित अनेक गणमान्य लोग मौजूद रहे।

