भिवानी: खानक पहाड़ में पत्थर चोरी का पर्दाफाश, 3 आरोपी गिरफ्तार
भिवानी पुलिस की बड़ी कार्रवाई! खानक पहाड़ में फर्जी पर्ची से पत्थर चोरी कर सरकारी राजस्व को चूना लगाने वाले गिरोह के 3 सदस्य गिरफ्तार। डंपर और प्रिंटर बरामद।
थाना तोशाम पुलिस ने खानक पहाड़ में फर्जी पर्ची के साथ गाड़ी की एंट्री करके पत्थर चोरी कर सरकारी राजस्व को हानि पहुंचाने के मामले में तीन आरोपियों को किया गिरफ्तार।
पुलिस टीम द्वारा आरोपियों से तीन मोबाइल फोन, एक प्रिंटर तथा वारदात में प्रयोग किया गया पत्थरों से भरा एक डंपर बरामद।
पुलिस अधीक्षक भिवानी श्री सुमित कुमार, आईपीएस के निर्देशानुसार जिले में धोखाधड़ी, चोरी एवं अन्य आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त आरोपियों के विरुद्ध प्रभावी कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जा रही है। इसी कड़ी में कार्रवाई करते हुए थाना तोशाम पुलिस ने खानक पहाड़ में बिना वैध पर्ची के पत्थर से भरे वाहनों की अवैध एंट्री कर सरकारी राजस्व को हानि पहुंचाने के मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है।
इस संबंध में जसवीर, प्रोजेक्ट मैनेजर, HSIIDC द्वारा थाना तोशाम में शिकायत दर्ज करवाई गई थी। शिकायतकर्ता ने बताया कि कुछ व्यक्तियों द्वारा खानक पहाड़ में बिना पर्ची पत्थर से भरे वाहनों की अवैध एंट्री करवाई जा रही है, जिससे सरकार को राजस्व का नुकसान पहुंचाया जा रहा है। शिकायत के अनुसार दिनांक 18.06.2026 को एक वाहन खानक पहाड़ में प्रवेश करता पाया गया, जिसका कोई ऑनलाइन रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं था। शिकायत के आधार पर थाना तोशाम में संबंधित धाराओं के तहत अभियोग दर्ज किया गया।
मामले की जांच के दौरान दिनांक 20.06. 2026 को थाना तोशाम के एएसआई राजेश के नेतृत्व में पुलिस टीम ने प्रभावी कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया।
गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान:
- सोनू पुत्र राजेश निवासी दरियापुर।
- मनदीप पुत्र राज्यपाल निवासी खानक।
- विजेंद्र पुत्र सत्यवान निवासी बिड़ोला के रूप में हुई है।
पुलिस टीम द्वारा आरोपी सोनू के कब्जे से एक प्रिंटर एवं दो मोबाइल फोन बरामद किए गए। आरोपी मनदीप से एक मोबाइल फोन बरामद किया गया, जबकि आरोपी विजेंद्र के कब्जे से पत्थरों से भरा एक डंपर बरामद किया गया, जिसका प्रयोग वारदात में किया गया था।
पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि आरोपी मनदीप फर्जी तरीके से समय एवं तारीख बदलकर तथा ट्रक का नंबर परिवर्तित कर नकली पर्ची तैयार करता था। इसके बाद वह उक्त पर्ची आरोपी सोनू को देता था। सोनू प्रिंटर की सहायता से उसकी प्रिंट कॉपी निकालकर गाड़ी चालक विजेंद्र को उपलब्ध कराता था, जिसके आधार पर वाहन की अवैध एंट्री करवाई जाती थी।
गिरफ्तार किए गए तीनों आरोपियों को माननीय न्यायालय में पेश किया गया, जहां से न्यायालय के आदेशानुसार उन्हें न्यायिक हिरासत में जिला कारागार भेज दिया गया।
मामले में शामिल अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस द्वारा लगातार प्रयास किए जा रहे हैं तथा उन्हें भी शीघ्र गिरफ्तार कर नियमानुसार कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।

