राजनीति और समाजसेवा के असल मायने सिखा गए चौधरी जंगबीर सिंह : भूपेन्द्र सिंह हुड्डा
Updated: Apr 7, 2026, 17:31 IST
भिवानी :
पूर्व सांसद एवं जनप्रिय नेता चौधरी जंगबीर सिंह के निधन पर प्रदेशभर में शोक की लहर है। विभिन्न राजनीतिक, सामाजिक एवं धार्मिक हस्तियों ने उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उनके योगदान को याद किया।
पूर्व मुख्यमंत्री भूपेन्द्र सिंह हुड्डा ने गहरा शोक व्यक्त करते हुए कहा कि चौधरी जंगबीर सिंह उनके 10वीं लोकसभा के साथी रहे थे और उनके साथ बिताए गए समय की अनेक यादें आज भी उनके मन में ताजा हैं। उन्होंने कहा कि जंगबीर सिंह न केवल एक प्रखर जननेता थे, बल्कि सच्चे, ईमानदार व स्पष्ट व्यक्तित्व की जीवित गाथा थे।
हुड्डा ने कहा कि चौधरी जंगबीर सिंह ने अपने जीवन से राजनीति और समाजसेवा के वास्तविक मायनों को साकार रूप में प्रस्तुत किया। वे जिस भी व्यक्ति के साथ खड़े होते थे, उसका तन, मन और धन से साथ देते थे। उनका यह समर्पण और निष्ठा उन्हें एक अलग पहचान दिलाता था।
उन्होंने आगे कहा कि चौधरी जंगबीर सिंह का जीवन सादगी, ईमानदारी और जनसेवा के उच्च आदर्शों से परिपूर्ण रहा। उन्होंने हमेशा समाज के हर वर्ग के हितों की रक्षा के लिए कार्य किया और अपने सिद्धांतों से कभी समझौता नहीं किया। उनके निधन से हरियाणा ही नहीं, पूरे देश की राजनीति और समाजसेवा के क्षेत्र को अपूरणीय क्षति पहुंची है।
उन्होंने चौधरी जंगबीर सिंह के बड़े सुपुत्र कमल प्रधान व छोटे बेटे डॉ हरिकेश पंघाल का जिक्र करते हुए कहा कि चौधरी साहब इस व्यवहार, परंपरा व विरासत को आगे बढ़ाने का जिम्मा अपने सुपुत्रों को सौंप कर गए हैं जिसका वे दोनों पूरी निष्ठा और ईमानदारी से निर्वहन करेंगे।
वहीं कंवर साहेब महाराज ने भी गहरा शोक व्यक्त करते हुए कहा कि चौधरी जंगबीर सिंह जीवनभर सद्मार्ग पर चलते रहे और उन्होंने अपने आचरण से समाज को सकारात्मक दिशा देने का कार्य किया। उन्होंने कहा कि जंगबीर सिंह का व्यक्तित्व प्रेरणादायक था और उनके विचार आने वाली पीढ़ियों को सदैव मार्गदर्शन देते रहेंगे।
कंवर महाराज ने कहा ने आगे कहा कि उनके दोनों बेटे कमल प्रधान व डॉ हरिकेश आज अपने पिता के पदचिन्हों पर चलते हुए आमजन व समाज को सतमार्ग पर चलने की प्रेरणा देते रहेंगे और अपने पिता के दिखाए मार्ग पर अपनी संतानों को भी चलने की प्रेरणा देंगे।
कॉमरेड इंद्रजीत ने कहा कि उन्होंने अपने पूरे जीवन में सेवा, सत्य और नैतिक मूल्यों को सर्वोपरि रखा, जिसके कारण वे हर वर्ग के लोगों के बीच लोकप्रिय रहे।
कांग्रेस के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष व पूर्व सांसद धर्मपाल मालिक ने कहा कि उनका सरल स्वभाव, मिलनसार व्यक्तित्व और समाज के प्रति समर्पण उन्हें अन्य नेताओं से अलग पहचान दिलाता था।
अखिल भारतीय किसान सभा के राष्ट्रीय महासचिव युद्धवीर सिंह ने कहा कि चौधरी जंगबीर सिंह का जीवन संघर्ष, सेवा और समर्पण की मिसाल रहा है। उनका जाना एक युग का अंत है, लेकिन उनके विचार, कार्यशैली और सिद्धांत सदैव समाज को प्रेरित करते रहेंगे।
अंत में सभी ने ईश्वर से प्रार्थना की कि दिवंगत आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें तथा शोकाकुल परिवार को इस अपार दुख को सहन करने की शक्ति प्रदान करें।
इस अवसर पर श्रद्धांजलि सभा में पूर्व मंत्री शकुंतला भगवाड़िया, पूर्व मंत्री सुभाष बत्रा, पूर्व मंत्री प्रोफ़ेसर छत्रपाल सिंह, पूर्व विधायक शशि परमार, पूर्व विधायक कर्नल रघुबीर सिंह छिल्लर, पूर्व विधायक रणसिंह मान, चरखी दादरी विधायक सुनील सांगवान, पूर्व विधायक सोमबीर श्योराण, पूर्व छात्र नेता संपूर्ण सिंह, सुरेंद्र टीटू, सुरेंद्र नरवाल, वीरेंद्र नरवाल, विधायक घनश्याम सर्राफ, विधायक रणधीर पणिहार के पुत्र भूपेंद्र पणिहार, समाजसेवी हर्ष छिक्कारा, कांग्रेस जिलाध्यक्ष ग्रामीण अनिरुद्ध चौधरी व शहरी जिलाध्यक्ष प्रदीप गुलिया, जोगिंदर नैन किसान नेता, सुरेश कोथ किसान नेता, प्रदीप जैलदार, ठाकुर विक्रम सिंह, अभिजीत लाल सिंह, भवानी प्रताप चेयरमैन, अनेक नगर परिषद, जिला पार्षद, विभिन्न खापों व संगठनों के प्रतिनिधि, तथा अनेक सरपंच भी मौजूद रहे।
पूर्व सांसद एवं जनप्रिय नेता चौधरी जंगबीर सिंह के निधन पर प्रदेशभर में शोक की लहर है। विभिन्न राजनीतिक, सामाजिक एवं धार्मिक हस्तियों ने उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उनके योगदान को याद किया।
पूर्व मुख्यमंत्री भूपेन्द्र सिंह हुड्डा ने गहरा शोक व्यक्त करते हुए कहा कि चौधरी जंगबीर सिंह उनके 10वीं लोकसभा के साथी रहे थे और उनके साथ बिताए गए समय की अनेक यादें आज भी उनके मन में ताजा हैं। उन्होंने कहा कि जंगबीर सिंह न केवल एक प्रखर जननेता थे, बल्कि सच्चे, ईमानदार व स्पष्ट व्यक्तित्व की जीवित गाथा थे।
हुड्डा ने कहा कि चौधरी जंगबीर सिंह ने अपने जीवन से राजनीति और समाजसेवा के वास्तविक मायनों को साकार रूप में प्रस्तुत किया। वे जिस भी व्यक्ति के साथ खड़े होते थे, उसका तन, मन और धन से साथ देते थे। उनका यह समर्पण और निष्ठा उन्हें एक अलग पहचान दिलाता था।
उन्होंने आगे कहा कि चौधरी जंगबीर सिंह का जीवन सादगी, ईमानदारी और जनसेवा के उच्च आदर्शों से परिपूर्ण रहा। उन्होंने हमेशा समाज के हर वर्ग के हितों की रक्षा के लिए कार्य किया और अपने सिद्धांतों से कभी समझौता नहीं किया। उनके निधन से हरियाणा ही नहीं, पूरे देश की राजनीति और समाजसेवा के क्षेत्र को अपूरणीय क्षति पहुंची है।
उन्होंने चौधरी जंगबीर सिंह के बड़े सुपुत्र कमल प्रधान व छोटे बेटे डॉ हरिकेश पंघाल का जिक्र करते हुए कहा कि चौधरी साहब इस व्यवहार, परंपरा व विरासत को आगे बढ़ाने का जिम्मा अपने सुपुत्रों को सौंप कर गए हैं जिसका वे दोनों पूरी निष्ठा और ईमानदारी से निर्वहन करेंगे।
वहीं कंवर साहेब महाराज ने भी गहरा शोक व्यक्त करते हुए कहा कि चौधरी जंगबीर सिंह जीवनभर सद्मार्ग पर चलते रहे और उन्होंने अपने आचरण से समाज को सकारात्मक दिशा देने का कार्य किया। उन्होंने कहा कि जंगबीर सिंह का व्यक्तित्व प्रेरणादायक था और उनके विचार आने वाली पीढ़ियों को सदैव मार्गदर्शन देते रहेंगे।
कंवर महाराज ने कहा ने आगे कहा कि उनके दोनों बेटे कमल प्रधान व डॉ हरिकेश आज अपने पिता के पदचिन्हों पर चलते हुए आमजन व समाज को सतमार्ग पर चलने की प्रेरणा देते रहेंगे और अपने पिता के दिखाए मार्ग पर अपनी संतानों को भी चलने की प्रेरणा देंगे।
कॉमरेड इंद्रजीत ने कहा कि उन्होंने अपने पूरे जीवन में सेवा, सत्य और नैतिक मूल्यों को सर्वोपरि रखा, जिसके कारण वे हर वर्ग के लोगों के बीच लोकप्रिय रहे।
कांग्रेस के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष व पूर्व सांसद धर्मपाल मालिक ने कहा कि उनका सरल स्वभाव, मिलनसार व्यक्तित्व और समाज के प्रति समर्पण उन्हें अन्य नेताओं से अलग पहचान दिलाता था।
अखिल भारतीय किसान सभा के राष्ट्रीय महासचिव युद्धवीर सिंह ने कहा कि चौधरी जंगबीर सिंह का जीवन संघर्ष, सेवा और समर्पण की मिसाल रहा है। उनका जाना एक युग का अंत है, लेकिन उनके विचार, कार्यशैली और सिद्धांत सदैव समाज को प्रेरित करते रहेंगे।
अंत में सभी ने ईश्वर से प्रार्थना की कि दिवंगत आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें तथा शोकाकुल परिवार को इस अपार दुख को सहन करने की शक्ति प्रदान करें।
इस अवसर पर श्रद्धांजलि सभा में पूर्व मंत्री शकुंतला भगवाड़िया, पूर्व मंत्री सुभाष बत्रा, पूर्व मंत्री प्रोफ़ेसर छत्रपाल सिंह, पूर्व विधायक शशि परमार, पूर्व विधायक कर्नल रघुबीर सिंह छिल्लर, पूर्व विधायक रणसिंह मान, चरखी दादरी विधायक सुनील सांगवान, पूर्व विधायक सोमबीर श्योराण, पूर्व छात्र नेता संपूर्ण सिंह, सुरेंद्र टीटू, सुरेंद्र नरवाल, वीरेंद्र नरवाल, विधायक घनश्याम सर्राफ, विधायक रणधीर पणिहार के पुत्र भूपेंद्र पणिहार, समाजसेवी हर्ष छिक्कारा, कांग्रेस जिलाध्यक्ष ग्रामीण अनिरुद्ध चौधरी व शहरी जिलाध्यक्ष प्रदीप गुलिया, जोगिंदर नैन किसान नेता, सुरेश कोथ किसान नेता, प्रदीप जैलदार, ठाकुर विक्रम सिंह, अभिजीत लाल सिंह, भवानी प्रताप चेयरमैन, अनेक नगर परिषद, जिला पार्षद, विभिन्न खापों व संगठनों के प्रतिनिधि, तथा अनेक सरपंच भी मौजूद रहे।

