नूंह में मजार तोड़ी, ब्रजमंडल यात्रा से पहले माहौल बिगाड़ने की साजिश 

 
नूंह में मजार तोड़ी, ब्रजमंडल यात्रा से पहले माहौल बिगाड़ने की साजिश 

हरियाणा के नूंह जिले में ब्रजमंडल जलाभिषेक यात्रा से पहले माहौल बिगाड़ने की साजिश की गई है। शरारती तत्वों ने रविवार-सोमवार देर रात करीब डेढ़ बजे एक मजार में तोड़फोड़ कर दी। यह मजार नूंह के तावड़ू कस्बे में है।

मजार से तोड़फोड़ का पता सोमवार सुबह करीब 5 बजे चला, जब सेवादार वहां पहुंचा। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। जिसके बाद वहां भारी संख्या में पुलिस फोर्स तैनात कर दी गई है।

ब्रजमंडल यात्रा का रूट तो यहां से नहीं गुजरता लेकिन लोग यहां से यात्रा में शामिल होने जरूर जाते हैं। इस तोड़फोड़ को उनमें दहशत फैलाने से जोड़कर देखा जा रहा है। हालांकि नूंह की पुलिस खुलकर इस मामले में कुछ भी बोलने से बच रही है।

वहीं यह यात्रा दोपहर करीब 12 बजे नूंह के नलहड़ेश्वर (नल्हड़) मंदिर से शुरू होगी। जो फिरोजपुर झिरका के झिरकेश्वर महादेव मंदिर से होते हुए शिंगार गांव के श्रृंगेश्वर महादेव मंदिर में समाप्त होगी।

यात्रा को देखते हुए सरकार ने 24 घंटे के लिए यहां इंटरनेट और बल्क SMS की सेवाएं बंद कर रखी हैं। यह आदेश रविवार (13 जुलाई) रात 9 बजे से सोमवार (14 जुलाई) रात 9 बजे तक लागू रहेंगे।

हालांकि इस दौरान बैंकिंग और मोबाइल रिचार्ज से जुड़ी SMS सुविधाएं पहले की तरह जारी रहेंगी। इसके साथ ही जिले में पहली से 12वीं तक के सभी प्राइवेट और सरकारी स्कूल बंद रहेंगे।

यात्रा के रूट पर आने वाली मीट की दुकानें और फैक्ट्री बंद की गई हैं। ट्रैफिक डायवर्ट करते हुए भारी वाहनों की एंट्री पर भी रोक लगाई गई है। पूरे जिले में ड्रोन से निगरानी की जा रही है। पुलिस के ढ़ाई हजार जवान तैनात किए गए हैं।

बता दें कि नूंह में साल 2023 में ब्रजमंडल यात्रा के दौरान हिंसा हो गई थी, जिसमें 7 लोगों की मौत हुई थी। इस हिंसा के अगले साल यानी जुलाई 2024 में कड़ी सुरक्षा में सामान्य तरीके से यात्रा निकाली गई थी। हालांकि इस बार इसे भव्य तरीके से निकालने की तैयारी है।

सरकार ने 2023 में हुई हिंसा के आरोपी फरीदाबाद के हिंदू संगठन के नेता बिट्‌टू बजरंगी के यात्रा में शामिल होने पर रोक लगा दी है। नूंह प्रशासन ने उसे इजाजत नहीं दी है।

हरियाणा के नूंह जिले में ब्रजमंडल जलाभिषेक यात्रा से पहले माहौल बिगाड़ने की साजिश की गई है। शरारती तत्वों ने रविवार-सोमवार देर रात करीब डेढ़ बजे एक मजार में तोड़फोड़ कर दी। यह मजार नूंह के तावड़ू कस्बे में है।

मजार से तोड़फोड़ का पता सोमवार सुबह करीब 5 बजे चला, जब सेवादार वहां पहुंचा। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। जिसके बाद वहां भारी संख्या में पुलिस फोर्स तैनात कर दी गई है।

ब्रजमंडल यात्रा का रूट तो यहां से नहीं गुजरता लेकिन लोग यहां से यात्रा में शामिल होने जरूर जाते हैं। इस तोड़फोड़ को उनमें दहशत फैलाने से जोड़कर देखा जा रहा है। हालांकि नूंह की पुलिस खुलकर इस मामले में कुछ भी बोलने से बच रही है।

वहीं यह यात्रा दोपहर करीब 12 बजे नूंह के नलहड़ेश्वर (नल्हड़) मंदिर से शुरू होगी। जो फिरोजपुर झिरका के झिरकेश्वर महादेव मंदिर से होते हुए शिंगार गांव के श्रृंगेश्वर महादेव मंदिर में समाप्त होगी।

यात्रा को देखते हुए सरकार ने 24 घंटे के लिए यहां इंटरनेट और बल्क SMS की सेवाएं बंद कर रखी हैं। यह आदेश रविवार (13 जुलाई) रात 9 बजे से सोमवार (14 जुलाई) रात 9 बजे तक लागू रहेंगे।

हालांकि इस दौरान बैंकिंग और मोबाइल रिचार्ज से जुड़ी SMS सुविधाएं पहले की तरह जारी रहेंगी। इसके साथ ही जिले में पहली से 12वीं तक के सभी प्राइवेट और सरकारी स्कूल बंद रहेंगे।

यात्रा के रूट पर आने वाली मीट की दुकानें और फैक्ट्री बंद की गई हैं। ट्रैफिक डायवर्ट करते हुए भारी वाहनों की एंट्री पर भी रोक लगाई गई है। पूरे जिले में ड्रोन से निगरानी की जा रही है। पुलिस के ढ़ाई हजार जवान तैनात किए गए हैं।

बता दें कि नूंह में साल 2023 में ब्रजमंडल यात्रा के दौरान हिंसा हो गई थी, जिसमें 7 लोगों की मौत हुई थी। इस हिंसा के अगले साल यानी जुलाई 2024 में कड़ी सुरक्षा में सामान्य तरीके से यात्रा निकाली गई थी। हालांकि इस बार इसे भव्य तरीके से निकालने की तैयारी है।

सरकार ने 2023 में हुई हिंसा के आरोपी फरीदाबाद के हिंदू संगठन के नेता बिट्‌टू बजरंगी के यात्रा में शामिल होने पर रोक लगा दी है। नूंह प्रशासन ने उसे इजाजत नहीं दी है। 

मंदिरों में रहेगी चाकचौबंद सुरक्षा व्यवस्था रविवार को DC विश्राम कुमार मीणा और SP राजेश कुमार सबसे पहले नल्हड़ स्थित नल्हड़ेश्वर महादेव मंदिर पहुंचे, जहां उन्होंने मंदिर कमेटी के सदस्यों से यात्रा से संबंधित तैयारियों और व्यवस्थाओं की जानकारी ली। इसके बाद प्रस्तावित पार्किंग स्थलों का निरीक्षण किया। इसके बाद फिरोजपुर झिरका स्थित झिरकेश्वर महादेव मंदिर और गांव सिंगार में स्थित श्रृंगेश्वर महादेव मंदिर पहुंचकर यात्रा की तैयारियों की जानकारी ली। DC मीणा ने कहा कि यात्रा मार्ग की सुरक्षा, साफ-सफाई, ट्रैफिक नियंत्रण एवं आवश्यक आपातकालीन सेवाओं को दुरुस्त बनाए रखा जाए।

20 बसों से श्रद्धालुओं को पहुंचाया जाएगा प्रशासन की ओर से श्रद्धालुओं को नल्हड़ेश्वर महादेव मंदिर तक पहुंचाने के लिए परिवहन विभाग की 20 बसों का इंतजाम किया गया है। ये बसें पार्किंग स्थल से श्रद्धालुओं को मंदिर तक लेकर जाएंगी और वापस पार्किंग स्थल तक छोड़ेंगी। VIP वाहनों को छोड़कर मंदिर स्थल में किसी भी वाहन की एंट्री नहीं होगी। इसके लिए प्रशासन की तरफ से छह पार्किंग स्थल बनाए गए हैं। श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए जमीन के अलावा आसमान से भी कड़ी पहरेदारी होगी। पुलिस की तरफ से ड्रोन से निगरानी के लिए विशेष व्यवस्था की गई है।

2500 पुलिस कर्मचारी तैनात, खोजी कुत्तों को भी तैनात किया गया 4 ड्रोन आसमान से हर गतिविधि पर नजर रखेंगे। पुलिस की 20 कंपनियों में करीब 2,500 जवान तैनात रहेंगे। हरियाणा कमांडो और खोजी कुत्तों को भी तैनात किया गया है। घोड़ा पुलिस भी लगातार क्षेत्र में गश्त करेगी। 14 डीएसपी और सादा कपड़ों में खुफिया विभाग के अधिकारी नजर गड़ाए रखे रहेंगे। जिले में 30 नाकों पर तलाशी के बाद ही प्रवेश मिलेगा। तेज संगीत और हथियार लाने पर पाबंदी लगाई गई है। मंदिर से पहले ही श्रद्धालुओं के वाहनों के लिए पार्किंग के लिए 6 स्थल चयनित किए गए हैं।

मंदिरों में रहेगी चाकचौबंद सुरक्षा व्यवस्था रविवार को DC विश्राम कुमार मीणा और SP राजेश कुमार सबसे पहले नल्हड़ स्थित नल्हड़ेश्वर महादेव मंदिर पहुंचे, जहां उन्होंने मंदिर कमेटी के सदस्यों से यात्रा से संबंधित तैयारियों और व्यवस्थाओं की जानकारी ली। इसके बाद प्रस्तावित पार्किंग स्थलों का निरीक्षण किया। इसके बाद फिरोजपुर झिरका स्थित झिरकेश्वर महादेव मंदिर और गांव सिंगार में स्थित श्रृंगेश्वर महादेव मंदिर पहुंचकर यात्रा की तैयारियों की जानकारी ली। DC मीणा ने कहा कि यात्रा मार्ग की सुरक्षा, साफ-सफाई, ट्रैफिक नियंत्रण एवं आवश्यक आपातकालीन सेवाओं को दुरुस्त बनाए रखा जाए।

20 बसों से श्रद्धालुओं को पहुंचाया जाएगा प्रशासन की ओर से श्रद्धालुओं को नल्हड़ेश्वर महादेव मंदिर तक पहुंचाने के लिए परिवहन विभाग की 20 बसों का इंतजाम किया गया है। ये बसें पार्किंग स्थल से श्रद्धालुओं को मंदिर तक लेकर जाएंगी और वापस पार्किंग स्थल तक छोड़ेंगी। VIP वाहनों को छोड़कर मंदिर स्थल में किसी भी वाहन की एंट्री नहीं होगी। इसके लिए प्रशासन की तरफ से छह पार्किंग स्थल बनाए गए हैं। श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए जमीन के अलावा आसमान से भी कड़ी पहरेदारी होगी। पुलिस की तरफ से ड्रोन से निगरानी के लिए विशेष व्यवस्था की गई है।

2500 पुलिस कर्मचारी तैनात, खोजी कुत्तों को भी तैनात किया गया 4 ड्रोन आसमान से हर गतिविधि पर नजर रखेंगे। पुलिस की 20 कंपनियों में करीब 2,500 जवान तैनात रहेंगे। हरियाणा कमांडो और खोजी कुत्तों को भी तैनात किया गया है। घोड़ा पुलिस भी लगातार क्षेत्र में गश्त करेगी। 14 डीएसपी और सादा कपड़ों में खुफिया विभाग के अधिकारी नजर गड़ाए रखे रहेंगे। जिले में 30 नाकों पर तलाशी के बाद ही प्रवेश मिलेगा। तेज संगीत और हथियार लाने पर पाबंदी लगाई गई है। मंदिर से पहले ही श्रद्धालुओं के वाहनों के लिए पार्किंग के लिए 6 स्थल चयनित किए गए हैं।