Haryana Weather: रोहतक के दिन के तापमान में 4 डिग्री की गिरावट, जानिए अगले दिनों के मौसम व खेती-किसानी का पूरा ब्योरा

हरियाणा में उत्तर-पश्चिमी हवाओं से सुबह-शाम ठंड बढ़ गई है। खेतों में बनी नमी के बीच कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को सरसों व चने की बिजाई शुरू करने की सलाह दी है।
 
Haryana Narnaul Coldest City

पहाड़ों से मैदानी इलाकों की ओर लगातार चल रही ठंडी उत्तर-पश्चिमी हवाओं के कारण हरियाणा में सुबह और शाम के समय ठंड का अहसास बढ़ने लगा है। मौसम विभाग के अनुसार, प्रदेश के औसत न्यूनतम तापमान में 0.2 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई है। हालांकि, फिलहाल तापमान सामान्य के आसपास ही बना हुआ है। नारनौल 14°C न्यूनतम तापमान के साथ प्रदेश का सबसे ठंडा शहर दर्ज किया गया, जबकि दिन के समय हिसार सबसे गर्म रहा।

☀️ अधिकतम तापमान और दिन की स्थिति: रोहतक में दिन में भी ठंड का अहसास, हिसार 32.1°C पर पहुंचा

प्रदेश के तापमान में उतार-चढ़ाव का दौर जारी है:

  • अधिकतम तापमान का हाल: प्रदेश के औसत अधिकतम तापमान में 0.5 डिग्री सेल्सियस की मामूली बढ़ोतरी दर्ज की गई है। हिसार में अधिकतम तापमान 32.1°C दर्ज हुआ।

  • रोहतक में गिरावट: रोहतक में अधिकतम तापमान 26.9°C रहा, जहाँ दिन के तापमान में करीब 4 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई।

  • धूप और ठंड का मिला-जुला असर: दिन में खिली धूप के कारण कई क्षेत्रों में हल्की गर्मी बनी हुई है, लेकिन अलसुबह और ढलती शाम के समय मौसम में सिहरन साफ महसूस की जा रही है।

🌫️ खेतों में नमी के कारण खुले स्थानों पर धुंध के आसार, रात के तापमान में आ सकती है हल्की बढ़ोतरी

हिसार स्थित कृषि मौसम विज्ञान विभागाध्यक्ष डॉ. मदन खीचड़ ने मौसम के मिजाज की जानकारी देते हुए बताया:

  • मिट्टी में नमी: पिछले दिनों हुई बारिश के कारण प्रदेश भर के खेतों में पर्याप्त नमी बनी हुई है।

  • अलसुबह धुंध: नमी के प्रभाव से आने वाले दिनों में अलसुबह खुले स्थानों पर हल्की धुंध छाए रहने के आसार हैं। इस नमी के कारण सुबह और शाम हल्की ठंड बनी रहेगी, जबकि रात के तापमान में हल्की बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है।

🌾 कृषि विशेषज्ञों की किसानों को महत्वपूर्ण सलाह: सरसों और चने की बिजाई तुरंत करें शुरू

मौसम में मौजूद नमी और अनुकूल मौसम को देखते हुए कृषि वैज्ञानिकों ने किसानों को रबी फसलों की बिजाई (Sowing of Rabi Crops) शुरू करने का सुझाव दिया है:

  • सरसों की खेती: खेतों में पर्याप्त नमी उपलब्ध होने पर सरसों की RH 30 और RH 0749 उन्नत किस्मों की बिजाई की जा सकती है।

  • चने की खेती: चने की बुवाई के लिए कृषि विभाग द्वारा C 235 और HC 5 किस्मों की सिफारिश की गई है।

  • चारे की फसलें: विशेषज्ञों ने किसानों को जई और बरसीम जैसी चारे वाली रबी फसलों की तैयारी करने की भी सलाह दी है। नमी को ध्यान में रखते हुए किसान आने वाले दिनों की योजना बनाएं और समय पर बिजाई पूरी करें।