IMD Weather Forecast Haryana: मौसम विभाग का नया अपडेट, जानिए पानीपत, अंबाला और हिसार समेत अन्य जिलों में कैसा रहेगा मौसम

हरियाणा के 11 जिलों में आज हल्की बारिश की संभावना है। तापमान में गिरावट से सुबह-शाम ठंडक महसूस होने लगी है। मौसम का ताजा हाल जानें।
 
weather in Panipat Ambala Hisar

चंडीगढ़: हरियाणा में मौसम में फिलहाल कोई बड़ा बदलाव देखने को नहीं मिल रहा है. मौसम विभाग के अनुसार 28 सितंबर को प्रदेश के 11 जिलों में कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है. बारिश का दौर छिटपुट रहने की संभावना है. हालांकि विभाग ने किसी भी जिले के लिए कोई चेतावनी जारी नहीं की है.

इन जिलों में हो सकती है बारिश: मौसम विभाग के अनुसार पंचकूला, अंबाला, यमुनानगर, पानीपत, सिरसा, फतेहाबाद, हिसार, भिवानी, महेंद्रगढ़, रेवाड़ी और चरखी दादरी में अलग-अलग स्थानों पर बारिश होने की संभावना है. पानीपत और सोनीपत में सुबह हल्की बूंदाबांदी भी देखने को मिली. इसके बाद मौसम मुख्य रूप से शुष्क रहने का अनुमान है.

सामान्य से 3 डिग्री नीचे रहा तापमान: प्रदेश का औसत अधिकतम तापमान रविवार को सामान्य से करीब 3 डिग्री कम रहा. हालांकि पिछले दिन के मुकाबले इसमें कोई खास बदलाव नहीं हुआ. महेंद्रगढ़ 34.3 डिग्री सेल्सियस के साथ प्रदेश में सबसे गर्म रहा. बालसमंद में 34.1 और सिरसा में 34 डिग्री तापमान दर्ज किया गया.

कई शहरों में 30 डिग्री से नीचे पारा: वहीं, रविवार को कई जिलों में अधिकतम तापमान 30 डिग्री से नीचे रहा. अंबाला में 29.8, करनाल में 28, रोहतक में 29.6, गुरुग्राम में 29.9, जींद में 29.5 और पानीपत में 29 डिग्री तापमान दर्ज हुआ. पंचकूला में 29.7, कैथल में 29.6 और कुरुक्षेत्र में 28.4 डिग्री तापमान रहा. जगाधरी में सबसे कम अधिकतम तापमान 27.6 डिग्री दर्ज किया गया.

सुबह-शाम महसूस होने लगी ठंडक: तापमान सामान्य से नीचे रहने के कारण प्रदेश के कई हिस्सों में सुबह और शाम हल्की ठंडक महसूस होने लगी है. दिन में तापमान अभी भी कई जगह 30 डिग्री के आसपास या उससे ऊपर बना हुआ है. इससे मौसम में दिन और रात के तापमान का अंतर भी महसूस होने लगा है.

बारिश के बाद फिर बढ़ सकता है तापमान: मौसम विभाग के अनुसार 28 सितंबर के बाद प्रदेश में मौसम मुख्य रूप से शुष्क रहने की संभावना है. फिलहाल भारी बारिश या गंभीर मौसम की स्थिति की चेतावनी नहीं है. बारिश का दौर खत्म होने के बाद दिन के तापमान में दोबारा बढ़ोतरी हो सकती है.