चैस में दुल्हेङी के विधार्थी छाए, कब्बड्डी और खो खो में खरकङी झांवरी ने परचम लहराया   

 
चैस में दुल्हेङी के विधार्थी छाए, कब्बड्डी और खो खो में खरकङी झांवरी ने परचम लहराया   

तोशाम।

चौधरी सुरेन्द्र सिंह खेल परिसर तोशाम में दो दिवसीय  खण्ड स्तरीय स्कूल खेलकूद प्रतियोगिताओं में आयुवर्ग 17 वर्ष व 19 वर्ष की लड़कों की विभिन्न खेलों की प्रतियोगिताएं आज वीरवार को सम्पन्न हुई। खण्ड शिक्षा अधिकारी विजय सांगवान की अध्यक्षता में करवाई गई। 

प्रतियोगिता के परिणामों की विस्तृत जानकारी  देते हुए जोनल सचिव कम डीपीई प्रीतपाल एवं प्रतियोगिता इन्चार्च प्रवक्ता राजेश कुमार ने बताया कि
 चैस अंडर-17 लड़को में धीमंत  डीबीएम स्कूल दुलहेरी प्रथम, समीर  सीजीएसएसएस खरकङी झांवरी द्वितीय,विनीत सुपुत्र डीबीएम स्कूल दुलहेरी तृतीय और इसी स्कूल के आयुष ने चतुर्थ स्थान पाया। चैस अंडर-19 लड़कों में 
 डीबीएम स्कूल क दुल्हेङी के मोहित प्रथम, हर्ष कुमार द्वितीय,वंश तृतीय स्थान पर रहा। जबकि नितिन पीएस नवयुग स्कूल  तोशाम चतुर्थ व सचिन आरोही मॉडल एसएसएस तोशाम ने पांचवा स्थान लिया। 
 अंडर-17 खो-खो खेल का सेमीफाइनल वीजीएसएसएस 
खरकड़ी झांवरी और आदर्श स्कूल मिरान के बीच तथा  जीएचएस  पिंजोखरा व पीएस नवयुग स्कूल के बीच हुआ। वहीं 
फाइनल पीएस नवयुग तोशाम व वीजीएसएसएस
 खरखड़ी झांवरी के बीच हुआ। इनमें प्रथम खरकड़ी झांवरी, द्वितीय  वीजीएसएसएस और तृतीय स्थान पर पीएस नवयुग स्कूल तोशाम व जीएचएस पिंजोखरा ने लिया। वहीं  पहला सेमीफ़ाइनल मेगामाइंड सिनियर सैकैण्ड स्कूल तोशाम व जीएसएसएस  सांडवा की बीच दूसरा सेमीफ़ाइनल योगेश बीवीएमएस  खरकङी झांवरी व जीएसएसएस खानक की बीच में खेला गया। फाइनल में  मेगामाइंड सिनियर सैकैण्डरी स्कूल तोशाम प्रथम और जीएसएसएस खानक द्वितीय स्थान पर रहा। वहीं अंडर-19  कबड्डी में पहला सेमी: फाइनल
अग्रसेन सीनियर सेकेंडरी स्कूल तोशाम व संत रोशनलाल सीनियर सेकेंडरी, धाणी माहु के बीच और दूसरा सेमी फाइनल जी
एसएसएस खरकङी झांवरी व डीबीएमएसएस दुल्हड़ी के बीच खेला गया। जबकि 
फाइनल अग्रसेन सीनियर सेकेंडरी स्कूल तोशाम व जीएसएस खरकङी झांवरी के बीच हुआ। 
 खेल प्रतियोगिताओं में प्रशिक्षक जोनल सचिव डीपीई  प्रीतपाल, डीपीई सुनील, पीटीआई जितपाल, पीटीआई  सीताराम, पीटीआई  जिले सिंह, डीपीई राजपाल, डीपीई सुमिता, डीपीई माधुरी, पीटीआई  साबिर, पीजीटी अनिल सांगवान, डीपीई पवन, पीटीआई कृष्ण, डीपीई अरविंद, डीपीई वीरेंद्र कुमार, पीटीआई रविंद्र कुमार एवं सुभाष तथा कृष्ण,पीटीआई समयपाल, प्राचार्य सूबे सिंह व भूपसिंह का सहरानीय योगदान रहा।