पेयजल सप्लाई की समस्या से परेशान गांव पालुवास के ग्रामीणों ने जताया रोष
भिवानी :
गांव पालुवास में पेयजल किल्लत को लेकर ग्रामीणों का धैर्य जवाब दे गया है। पिछले 9 दिनों से बूंद-बूंद पानी को तरस रहे ग्रामीणों ने सोमवार को सरपंच प्रतिनिधि रणबीर फौजी व डा. महेंद्र सिंह चौहान व रमेश कुमार की अगुवाई में जलघर का घेराव किया और प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। ग्रामीणों का आरोप है कि जनस्वास्थ्य विभाग और बिजली निगम के अधिकारी अपनी जिम्मेदारी एक-दूसरे पर डाल रहे हैं, जिसके कारण गांव में हाहाकार मचा हुआ है।
ग्रामीणों के अनुसार, गांव की जल आपूर्ति ठप होने का मुख्य कारण मोटर पैनल और ट्रांसफॉर्मर फ्रीक्वेंसी में तकनीकी खराबी है। हैरानी की बात यह है कि समस्या का समाधान करने के बजाय दोनों विभाग एक-दूसरे को कसूरवार ठहरा रहे हैं।
बिजली विभाग दावा कर रहा है कि फॉल्ट जनस्वास्थ्य विभाग के पैनल में है, जबकि जनस्वास्थ्य विभाग का दावा है कि समस्या बिजली विभाग के ट्रांसफॉर्मर की है, जिसकी वजह से मोटरें नहीं चल पा रही हैं।
सरपंच प्रतिनिधि रणबीर और ग्रामीण डा. महेंद्र चौहान ने कहा कि विभागों के बीच चल रही इस फुटबॉल की राजनीति ने ग्रामीणों और मवेशियों को प्यासा रहने पर मजबूर कर दिया है। उन्होंने कहा कि पालुवास गांव की स्थिति इसलिए भी गंभीर है क्योंकि यहां का भूमिगत जल पूरी तरह खराब हो चुका है। टीडीएस स्तर 500 से ऊपर होने के कारण ग्रामीण पूरी तरह से सरकारी सप्लाई पर निर्भर हैं। उन्होंने कहा कि सप्लाई बंद होने से लोग महंगे दामों पर पानी के टैंकर खरीदने को मजबूर हैं।
पशुओं के लिए पानी का कोई अन्य विकल्प न होने से समस्या और विकराल हो गई है। उन्होंने कहा कि हमने सांसद और संबंधित अधिकारियों को बार-बार अवगत कराया, लेकिन केवल आश्वासनों के सिवाय कुछ नहीं मिला। यदि जल्द ही तीनों पैनल नहीं बदले गए और सप्लाई सुचारू नहीं हुई, तो ग्रामीण बड़ा आंदोलन करने को मजबूर होंगे।
ग्रामीणों ने प्रशासन के सामने स्पष्ट मांग रखी है कि केवल खानापूर्ति से काम नहीं चलेगा। उन्होंने मांग की कि जलघर में लगे मोटर सप्लाई के तीनों पैनलों को तुरंत बदला जाए, बिजली ट्रांसफॉर्मर की फ्रीक्वेंसी समस्या का स्थायी समाधान हो, दोनों विभाग तालमेल बिठाकर 24 घंटे के भीतर सप्लाई बहाल करें। इस अवसर पर सोनू, पिंकी, बिरजू, राजबीर, जितेंद्र, सतपाल पंच, सरजीत बीडीसी, रोहताश सिंह, अनुज तंवर, सुरेश, संदीप, मंजू, प्रदीप, सुरेंद्र सिंह सहित अन्य ग्रामीण मौजूद रहे।

