भिवानी अनाज मंडी से गूंजा किसान न्याय सत्याग्रह, कांग्रेस ने यूएस ट्रेड डील को बताया काला कानून 2.0

यूएस ट्रेड डील के विरोध तथा एमएसपी गारंटी कानून की मांग को लेकर कांग्रेस का किसान न्याय सत्याग्रह, अनाज मंडी में धरने पर बैठे कांग्रेस नेता
किसानों की जमीन और युवाओं का भविष्य विदेशी कंपनियों के हाथों गिरवी रखना चाहती है भाजपा सरकार : प्रदीप नरवाल
यूएस ट्रेड डील भारतीय कृषि बाजार को कर देगी तबाह : कांग्रेस नेता 
 
हरियाणा राजनीति समाचार

भिवानी, 19 अप्रैल : रविवार को स्थानीय नई अनाज मंडी में यूथ कांग्रेस द्वारा आयोजित किसान न्याय सत्याग्रह के जरिए कांग्रेस ने केंद्र सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। इस रैली में कांग्रेस के दिग्गज युवा नेताओं ने शिरकत की और यूएस ट्रेड डील को किसानों और युवाओं के हितों के खिलाफ बताते हुए इसे रद्द करने की मांग की। कार्यक्रम की अध्यक्षता यूथ कांग्रेस के जिला अध्यक्ष मनदीप सुई ने की। इस दौरान अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के राष्ट्रीय सचिव प्रदीप नरवाल, हरियाणा यूथ कांग्रेस के प्रभारी सत्यवान गहलोत, हरियाणा यूथ कांग्रेस सह प्रभारी प्रियंका चंदेलिया और भिवानी जिला प्रभारी सोमिल संधू पहुंचे। किसान न्याय सत्याग्रह के दौरान कांग्रेस नेता अनाज मंडी में धरने पर बैठे तथा यूएस ट्रेड डील का विरोध जताने के साथ एमएसपी गारंटी कानून लागू करने की मांग उठाई। इस कांग्रेस नेताओं ने फसल खरीद प्रक्रिया का जायजा भी लिया। 
     इस मौके पर अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के राष्ट्रीय सचिव प्रदीप नरवाल ने सीधे तौर पर सरकार की नीतियों पर सवाल उठाते हुए कहा कि भाजपा सरकार किसानों की जमीन और युवाओं का भविष्य विदेशी कंपनियों के हाथों गिरवी रखना चाहती है। जिसे सरकार ट्रेड डील कह रही है, वह असल में काला कृषि कानून 2.0 है। उन्होंने कहा कि जब तक यह जनविरोधी समझौता रद्द नहीं होता, कांग्रेस का सत्याग्रह रुकने वाला नहीं है। नरवाल ने कहा कि जब से भाजपा सत्ता में आई है, तभी से प्रदेश का हर वर्ग दुखी और परेशान है, क्योंकि भाजपा ने आमजन की बजाए पूंजीपतियों के हित की सोच रखते हुए योजनाएं लागू की है। 
     इस मौके पर हरियाणा यूथ कांग्रेस के प्रभारी सत्यवान गहलोत ने संगठन की मजबूती पर जोर देते हुए कहा कि आज भिवानी की इस मंडी में उमड़ा जनसैलाब गवाह है कि हरियाणा का किसान जाग चुका है। उन्होंने कहा कि वे गांव-गांव जाकर इस ट्रेड डील की हकीकत जनता को बताएंगे। युवा कांग्रेस सडक़ से लेकर संसद तक किसानों की ढाल बनकर खड़ी रहेगी। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रस्तावित ट्रेड डील भारतीय कृषि बाजार को तबाह कर देगी।
     महिला और युवा शक्ति का आह्वान करते हुए हरियाणा यूथ कांग्रेस सह प्रभारी प्रियंका चंदेलिया ने कहा कि सरकार युवाओं को रोजगार देने में विफल रही है और अब किसानों की उपज का सही दाम छीनने की साजिश रच रही है। एमएसपी की कानूनी गारंटी हमारा अधिकार है, और हम इसे लेकर रहेंगे। वही जिला प्रभारी सोमिल संधू व प्रदेश महासचिव योगेंद्र सोनी ने कहा कि भिवानी हमेशा से संघर्ष की भूमि रही है, यहां का किसान झुकने वाला नहीं है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस का यह आंदोलन केवल एक दिन का सांकेतिक प्रदर्शन नहीं है, बल्कि यह एक लंबी लड़ाई का आगाज है।


     इस मौके पर सुमित बराड़, यूथ कांग्रेस हल्का अध्यक्ष रजत कांगड़ा, ग्रामीण जिला उपाध्यक्ष रेणू बाला, शिव कुमार चांगिया, अनिल नेहरा, प्रवीण बूरा, मनजीत घणघस, सुमित चौपड़ा, जितेंद्र, मनोज, अनिल, हिमांशु ठाकुर, भूरिया, कालू ठाकुर, बाली, रिंकू, प्रतीक, समीर चढ्ढा, सचिन, अंकित, गोविंद सहित अन्य युवा मौजूद रहे। 
4

शारीरिक शिक्षक संघ के सारथी राजेश ढांडा का सम्मान, सेवानिवृत्ति उपरांत किया सम्मानित
1983 पीटीआई संघर्ष के दौरान प्रदेशव्यापी आंदोलनों का राजेश ढ़ांडा ने किया था सफल नेतृृत्व : दिलबाग जांगड़ा 
भिवानी, 19 अप्रैल : शिक्षा जगत और शारीरिक शिक्षकों के अधिकारों के लिए दशकों तक संघर्ष करने वाले शारीरिक शिक्षक संघ के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष रहे एवं डीपीई राजेश ढांडा की सेवानिवृत्ति पर रविवार को एक विशेष सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। स्थानीय विद्या नगर स्थित उनके निवास स्थान पर पहुँचे शारीरिक शिक्षक सहायकों और गणमान्य साथियों ने ढांडा के शानदार कार्यकाल और उनके जुझारू व्यक्तित्व की जमकर सराहना की। गौरतलब है कि राजेश ढांडा बीती 31 मार्च को अपनी सरकारी सेवाओं से सेवानिवृत्त हुए थे। उनके सम्मान में रविवार को आयोजित इस कार्यक्रम में शिक्षकों ने उन्हें भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं और उनके द्वारा संघ हित में किए गए कार्यों को याद किया। इस अवसर पर दिलबाग जांगड़ा ने राजेश ढांडा के कार्यकाल के सबसे चुनौतीपूर्ण समय को याद करते हुए कहा कि जब 1983 पीटीआई शिक्षकों को उनके पदों से हटाया गया था, तब प्रदेश का शारीरिक शिक्षक वर्ग पूरी तरह टूट चुका था। उस कठिन दौर में राजेश ढांडा ने प्रदेशाध्यक्ष के नाते न केवल नेतृत्व संभाला, बल्कि पूरे हरियाणा में धरने-प्रदर्शनों की ऐसी अलख जगाई कि सरकार को शिक्षकों की एकजुटता देखनी पड़ी। जांगड़ा ने भावुक होते हुए कहा, कि राजेश ढांडा ने उस समय एक ढाल बनकर शारीरिक शिक्षकों का सहयोग किया था, जिसे इतिहास हमेशा याद रखेगा। इस मौके पर शारीरिक शिक्षक विनोद पिंकू ने भी राजेश ढांडा के सेवाकाल को सराहनीय बताया। उन्होंने कहा कि ढांडा ने हमेशा पद से ऊपर उठकर एक मार्गदर्शक की भूमिका निभाई है। चाहे खेल मैदान की गतिविधियां हों या शिक्षकों की जायज मांगे, उन्होंने कभी पीछे मुडक़र नहीं देखा। साथियों का मानना है कि उनकी सेवानिवृत्ति से विभाग में एक बड़ा शून्य पैदा हुआ है, जिसे भरना आसान नहीं होगा। कार्यक्रम के अंत में राजेश ढांडा ने सभी साथियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि वे भले ही राजकीय सेवा से सेवानिवृत्त हुए हैं, लेकिन शिक्षकों और समाज की भलाई के लिए उनका संघर्ष और सहयोग सदैव जारी रहेगा। इस अवसर पर विनोद पिंकू, शारीरिक शिक्षक सहायक संघ के जिला उपप्रधान विनोद सांगा, महासचिव मदनलाल सरोहा, विजेंद्र सिंह, प्रमोद यादव, बलजीत धनाना, कर्मजीत दुर्जनपुर, नीतू रानी, अनिल तंवर भी साथ रहे।